हरतालिका तीज के दिन महिलाओं को बाल धोना चाहिए या नहीं? जानिए नियम
प्रत्येक वर्ष भाद्रपद महीने के शुक्ल पक्ष की तृतीया तीथि के दिन हरतालिका तीज का व्रत रखा जाता है.
इस दिन सुहागिन महिलाएं भगवान शिव और माता पार्वती की विधिवत पूजा करती हैं और अखंड सौभाग्य का कामना करती हैं.
इस साल 14 सितंबर को हरतालिका तीज मनाई जाएगी. इस दिन महिलाएं 16 श्रृंगार करती हैं और माता पार्वती को सुहाग की सामग्री अर्पित कर उनकी पूजा करती हैं.
कई महिलाओं के मन में ये सवाल रहता है कि हरतालिका तीज के दिन बाल धोना चाहिए या नहीं. आइए जानते हैं क्या कहता है शास्त्र…
शास्त्र के अनुसार, व्रत रखने वाली महिलाओं को हरतालिका तीज से एक दिन पहले ही स्नान करके अच्छी तरह बाल धो लेने चाहिए. ताकि व्रत वाले दिन शरीर की शुद्धि और पूजा से जुड़े जरूरी काम पहले ही पूरे हो जाएं.
तृतीया तिथि के आरंभ होने या व्रत से पहले नहाय-खाय के दिन महिलाएं अपने बाल धो सकती हैं. इससे व्रत वाले दिन बाल धोने की जरूरत नहीं पड़ती और महिलाएं पूजा-पाठ पर ध्यान दे सकती हैं.
हरतालिका तीज का व्रत निर्जला माना जाता है. इस दिन महिलाएं अन्न और जल ग्रहण नहीं करती हैं. ऐसे में व्रत की पवित्रता को ध्यान में रखते हुए व्रत वाले दिन बाल न धोने की परंपरा है.
इसलिए सामान्य तौर पर बालों को एक दिन पहले ही धो लेना उचित माना जाता है.
मान्यताओं के अनुसार, हरतालिका तीज के दिन नाखून काटना, बाल काटना या शेविंग करने की मनाही होती है. इसी तरह व्रत वाले दिन बाल धोने से भी कई परंपराओं में बचने की सलाह दी जाती है.