किसने बनवाई थी फैज-ए-इलाही मस्जिद, जहां हुआ बुलडोजर एक्शन?

तुर्कमान गेट के पास स्थित फैज-ए-इलाही मस्जिद पर अवैध अतिक्रमण हटाने के लिए आधी रात को एमसीडी ने बुलडोजर चलाया. एमसीडी की इस कार्रवाई से इलाके में तनाव की स्थिति बन गई. 

जब नगर निगम के लगभग 300 अधिकारी और कर्मचारी तुर्कमान गेट पर मस्जिद और कब्रिस्तान से सटी जमीन पर तोड़फोड़ की कार्रवाई कर रहे थे.

तब यहां लोगों ने अवैध निर्माण को हटाने का विरोध किया और कथित तौर पर पत्थरबाजी भी की गई. जिसके बाद पुलिस को आंसू गैस छोड़ना पड़ा.

इसी बीच ये सवाल उठ रहा कि आखिर फैज-ए-इलाही मस्जिद कितनी पुरानी है और इसे किसने बनवाया था. आइए जानते हैं...

इतिहासकारों के अनुसार फैज-ए-इलाही मस्जिद लगभग 250 साल पुरानी है. इसका निर्माण 18वीं शताब्दी में हुआ था.

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, इस मस्जिद का निर्माण महान सूफी संत हजरत शाह फैज-ए-इलाही ने करवाया था.

ऐसा कहा जाता है कि उन्होंने इसे सिर्फ नमाज अदा करने की जगह के तौर पर नहीं, बल्कि आपसी भाईचारे और प्रेम का केंद्र बनाने के उद्देश्य से बनवाया था.

फैज-ए-इलाही मस्जिद मस्जिद उस दौर में बनी जब मुगल शासन अपने अंतिम चरण में था.

वहीं, कुछ इतिहासकारों का मानना है कि इसका निर्माण मुगल बादशाह अहमद शाह बहादुर या शाह आलम द्वितीय के समय हुआ.

फैज-ए-इलाही मस्जिद को सिर्फ एक धार्मिक स्थल कहना गलत होगा. यह जगह सदियों से गंगा-जमुनी तहजीब की मिसाल रही है.

कहा जाता है कि पुराने समय में फैज-ए-इलाही मस्जिद में अलग-अलग समुदायों के लोग आते थे और सूफी संतों की शिक्षाओं से प्रेरणा लेते थे.