Amavasya Upay: हरियाली अमावस्य पर लगाएं ये पौधे, नोटों से लबालब भर जाएगी तिजोरी

Must Read

Hariyali Amavasya Upay: सावन माह में पड़ने वाली अमावस्या को हरियाली अमावस्या के नाम से जाना जाता है. इस बार यह अमावस्या 17 जुलाई को है. ऐसी मान्यता है कि इस दिन कुछ पौधे ऐसे हैं, जिसे लगाने से पितृ के साथ देवी-देवता प्रसन्न होते हैं और हमारे लाइफ में होने वाली सभी प्रकार की समस्याओं से निजात मिल जाता है. साथ ही हमारे सुख-समृद्धि में वृद्धि होती है और हमारे पास कभी रुपये पैसे की कमी नहीं होती है.

हरियाली अमावस्या कब है 2023
हिंदू पंचांग के अनुसार सावन माह के अमावस्या तिथि की शुरुआत 16 जुलाई को रात 10 बजकर 08 मिनट से हो रही है. तिथि का समापन 18 जुलाई को 12 बजकर 01 पर होगा. उदयातिथि मान्यतानुसार सावन माह की अमावस्या यानी हरियाली अमावस्या 17 जुलाई दिन सोमवार को मनाई जाएगी.

पौधे लगाने से प्रसन्न होते हैं देवी-देवता और पितृ
हिंदू धर्म की मान्यतानुसार सावन माह की अमावस्या के दिन पौधे लगाना बहुत शुभ होता है. ऐसी मान्यता है कि इस दिन पौधे लगाने से देवी-देवता के साथ पितर लोग भी प्रसन्न होते हैं. इस दिन आम, आंवला, नीम, वट, और पीपल जैसे वृक्ष और तुलसी समी, मनी प्लांट जैसे पौधे लगाना शुभ होता है.

पितृ दोष के लिए लगाएं ये पौधा
यदि आपके घर में पितृ दोष है तो आप हरियाली अमावस्या के दिन पीपल या वट का पौधा लगाएं. ऐसी मान्यता है कि इस पौधे को लगाने से हमारे पूर्वज प्रसन्न होते हैं और हमें पितृदोष से मुक्ति मिलती है.

धन प्राप्ति के लिए
यदि आप चाहते हैं कि आपके पास रुपये पैसे की कमी नहीं हो तो इस दिन घर के आंगन में तुलसी, समी और मनी प्लांट के पौधे लगाएं. ऐसी मान्यता है कि इस पौधे को घर में लगाने से घर में सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है और जिस घर में यह पौधा रहता है, वहां कभी रुपये पैसे की कमी नहीं होती है.

ये भी पढ़ेंः Hariyali Amavasya Date: हरियाली अमावस्या पर बन रहा 3 विशेष संयोग, जानिए पितृ दोष से मुक्ति के उपाय

(Disclaimer: इस लेख में दी गई जानकारी सामान्य मान्यताओं और विभिन्न जानकारियों पर आधारित है. The Printlines इसकी पुष्टि नहीं करता है.)

Latest News

अब पूरी दुनिया खरीदेगी भारत के हथियार, मोदी सरकार के एक फैसले ने बदला पूरा खेल

Defence Ministry India: भारत सरकार ने ग्लोबल डिफेंस मार्केट में अपनी धाक जमाने के लिए रक्षा निर्यात नियमों में...

More Articles Like This