Jordan Syria airstrikes: जॉर्डन में पिछले हफ्ते एक चर्च पर हुए जानलेवा हमले के जवाब में 26 अक्टूबर को दक्षिणी सीरिया में आतंकी संगठनों के ठिकानों पर हवाई हमला किया है. सीरिया के अधिकारियों के मुताबिक इस हवाई हमले में तीन बच्चों समेत 8 नागरिकों की मौत हुई है, जबकि चार लोग जख्मी हुए हैं. इस हमले को लेकर एक ओर जहां जॉर्डन ने इसे आतंकी ठिकानों पर हमला बताया है, वही दूसरी ओर सीरिया इसे आम नागरिकों पर हमला बता रहा है.
बता दें कि जॉर्डन की सेना की तरफ से कहा गया है कि उसकी वायुसेना ने कई आतंकी ठिकानों को निशाना बनाया, जहां उन समूहों के सदस्य मौजूद थे, जिनका संबंध चर्च पर हुए हमले से होने का संदेह है. हालांकि सीरिया ने जॉर्डन की इस सैन्य कार्रवाई पर आपत्ति जताई है और इसके विरोध में एक मुख्य बॉर्डर क्रॉसिंग बंद कर दी है.
सीरिया ने कार्रवाई पर जताई नाराजगी
सीरियाई मीडिया के मुताबिक, जॉर्डन के हवाई हमलों में दरआ प्रांत में 8 लोगों की मौत हुई. मृतकों में एक बुजुर्ग व्यक्ति और तीन बच्चे भी शामिल हैं और चार लोग घायल हुए हैं. इस दौरान सीरिया के विदेश मंत्रालय ने हमले पर गंभीर आपत्ति जताते हुए कहा कि जॉर्डन ने उसकी सरकार को पहले से सूचित किए बिना सीरियाई क्षेत्र में सैन्य कार्रवाई की.फिलहाल, दोनों देशों के बीच घटना के प्रभावों से निपटने के लिए बातचीत और समन्वय जारी है.
मेन बॉर्डर क्रॉसिंग बंद
बता दें कि इस हवाई हवाई हमलों के बाद सीरिया ने मंगलवार से जॉर्डन के साथ नसीब बॉर्डर क्रॉसिंग बंद करने का ऐलान किया है. जॉर्डन की ओर से इसे जेबर क्रॉसिंग कहा जाता है. यह रास्ता दोनों देशों के बीच यात्रियों और व्यापारिक सामान की आवाजाही के लिए बेहद महत्वपूर्ण है. ऐसे में इसके बंद होने से आवागमन प्रभावित होने वाला है. फिलहाल इस घटना के बाद दोनों देशों के बीच सुरक्षा और कूटनीतिक तनाव बढ़ने की आशंका है.

