Health Tips: जीभ केवल स्वाद पहचानने का काम नहीं करती, बल्कि उसके रंग, सतह और आकार में आए बदलाव कई बार मुंह की सेहत के बारे में महत्वपूर्ण संकेत दे सकते हैं. जीभ पर सफेद परत दिखना हमेशा गंभीर बीमारी नहीं होता, लेकिन लगातार बना रहने वाला सफेद या लाल पैच, गांठ, सूजन या ऐसा घाव जो ठीक नहीं हो रहा हो, जांच की जरूरत बता सकता है. इसके अलावा विटामिन बी12, आयरन और फोलेट जैसे पोषक तत्वों की कमी भी जीभ को लाल, चिकनी या दर्दनाक बना सकती है. इसलिए हर बदलाव को बीमारी समझना भी सही नहीं है और हर असामान्य बदलाव को नजरअंदाज करना भी ठीक नहीं.
जीभ में होने वाले इन बदलाव को न करें नजर अंदाज
जीभ पर सफेद या पीली परत
कई लोगों के जीभ पर हल्की सफेद या पीली परत दिखाई देती है, जो जीभ की पैपिलैई के बीच भोजन के छोटे कण, बैक्टीरिया और डेड सेल्स जमा होने से बन सकती है. डिहाइड्रेशन, मुंह से सांस लेना, धूम्रपान और ओरल हाइजिन की कमी इसके सामान्य कारणों में शामिल हैं. लेकिन यदि यह परत मोटी है, बार-बार लौटती है या साफ करने के बावजूद बनी रहती है, यह समस्या कमजोर इम्यूनिटी वाले लोगों और कुछ विशेष दवाएं लेने वालों में अधिक देखी जा सकती है. सफेद पैच आसानी से न हटे तो यह ल्यूकोप्लाकिया से संबंधित होता है, ज्यादातर ल्यूकोप्लाकिया कैंसर नहीं होते हैं, लेकिन कुछ मामलों में आगे चलकर यह कैंसर का जोखिम बढ़ा सकते हैं।
लाल और चिकनी जीभ
अगर जीभ सामान्य खुरदरी सतह के बजाय असामान्य रूप से लाल, चमकदार और चिकनी दिखाई देने लगे तथा उसमें जलन या दर्द भी हो, तो यह nutritional deficiency का संकेत हो सकता है. विटामिन बी12 और फोलेट की कमी से जीभ में सूजन और लालिमा हो सकती है. इसी तरह लंबे समय तक आयरन की कमी भी जीभ को पतला, चिकना बना सकती है. ऐसे में जीभ में लालिमा और दर्द होता है.
जीभ पर गांठ या सूजन
वहीं, जीभ पर अचानक दिखाई देने वाली गांठ हमेशा गंभीर बीमारी का संकेत नहीं होती. चोट, जलना, दांत से लगातार रगड़, इंफेक्शन या अन्य बिनाइन स्थितियां भी इसके पीछे हो सकती हैं. जीभ पर बनी ऐसी गांठ जो लगातार दो सप्ताह तक बनी रहे, बढ़ रही हो, सख्त महसूस हो या दर्द/खून आने के साथ हो, उसे नजरअंदाज नहीं करना चाहिए. इसमें आपको तुरंत डॉक्टर या डेंटिस्ट को दिखाना चाहिए. विशेष रूप से जीभ के किनारे या मुंह के दूसरे हिस्सों में लगातार रहने वाले असामान्य पैच या गांठ की जांच जरूरी हो सकती है.
ऐसा घाव जो ठीक न हो
मुंह में छोटा अल्सर कई कारणों से हो सकता है और सामान्य छालाअक्सर कुछ समय में ठीक हो जाते हैं। लेकिन यदि जीभ या मुंह में कोई घाव लंबे समय तक बना रहे, बार-बार उसी जगह हो जो ठीक न हो, कैंसर के संभावित संकेतों में शामिल हो सकता है.
जीभ के रंग या बनावट में अचानक बदलाव
जीभ का रंग खान-पान, हाइड्रेशन, ओरल हाइजीन, दवाओं और कुछ स्वास्थ्य स्थितियों से प्रभावित हो सकता है. कुछ लोगों में ज्यूग्राफिक टंग के कारण जीभ पर लाल, चिकने और अलग-अलग आकार के हिस्से दिखाई दे सकते हैं. दूसरी तरफ सफेद, लाल या गहरे रंग के ऐसे पैच जो लगातार बने रहें, उनकी जांच जरूरी हो सकती है. खास तौर पर लाल और सफेद पैच का लगातार बने रहना, सतह का मोटा या कठोर होना अथवा जीभ की सामान्य बनावट में स्थायी बदलाव चिंता का कारण हो सकता है.

