Jantar Mantar protest: केंद्र सरकार ने सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल उस पोस्ट को भ्रामक बताया जिसमें दावा किया गया था कि केंद्र सरकार ने दिल्ली के जंतर-मंतर पर युवाओं द्वारा किए जा रहे प्रदर्शन के पीछे किसी विदेशी ताकत, पाकिस्तान या चीन की भूमिका से इनकार कर दिया है.
दरअसल, विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल से प्रदर्शन को लेकर विदेशी फंडिंग और अन्य आरोपों के बारे में सवाल किया गया था, जिसके जवाब में प्रवक्ता ने कहा कि “आपने चल रहे प्रदर्शनों के संबंध में विदेशी फंडिंग और इस तरह के अन्य आरोपों का जो मुद्दा उठाया है, उस पर मैं कहना चाहूंगा कि इस समय मेरे पास साझा करने के लिए इस मामले में कोई जानकारी उपलब्ध नहीं है.”
जायसवाल ने इस दौरान न तो विदेशी फंडिंग के आरोपों की पुष्टि की और न ही उन्हें खारिज किया. हालांकि, वायरल पोस्ट में दावा किया गया कि केंद्र सरकार ने स्पष्ट कर दिया है कि जंतर-मंतर पर युवाओं के प्रदर्शन के पीछे किसी विदेशी ताकत का कोई हाथ नहीं है और विदेशी फंडिंग के आरोपों में कोई सच्चाई नहीं है.
पीआईबी फैक्ट-चेक रिपोर्ट
पीआईबी फैक्ट-चेक के अनुसार, प्रवक्ता के वास्तविक बयान को गलत संदर्भ में पेश किया गया है. उपलब्ध जानकारी के आधार पर सरकार की ओर से ऐसा कोई आधिकारिक बयान नहीं दिया गया है जिसमें विदेशी ताकतों की संलिप्तता से इनकार किया गया हो. उपलब्ध मूल बयान में प्रवक्ता ने ऐसा कोई खंडन नहीं किया. उन्होंने केवल इतना कहा था कि विदेशी फंडिंग और अन्य आरोपों से जुड़े सवाल पर “इस समय मेरे पास साझा करने के लिए कोई जानकारी उपलब्ध नहीं है.” जिसका अर्थ यह नहीं है कि सरकार ने विदेशी साजिश या फंडिंग के आरोपों को खारिज कर दिया है. पोस्ट ने प्रवक्ता के “कोई जानकारी उपलब्ध नहीं” वाले जवाब को बदलकर “सरकार ने सभी आरोपों को गलत बताया” के रूप में पेश किया है.