FIFA World Cup 2026: मिस्र ने न्यूजीलैंड को 3-1 से हराकर विश्व कप इतिहास की अपनी पहली जीत दर्ज की है. इसका इंतजार उसकी फुटबॉल बिरादरी करीब एक सदी से कर रही थी. यह जीत इसलिए और खास बन गई, क्योंकि 1934 में पहली बार विश्व कप खेलने वाली मिस्र की टीम को इस उपलब्धि के लिए पूरे 33,628 दिन यानी 92 साल इंतजार करना पड़ा. मिस्र की इस ऐतिहासिक जीत में कप्तान मोहम्मद सालाह ने अहम भूमिका निभाई.
गोल की बदौलत शुरुआती बढ़त हासिल
वैंकूवर में खेले गए मुकाबले में न्यूजीलैंड ने फिन सर्मन के गोल की बदौलत शुरुआती बढ़त हासिल कर ली थी, लेकिन दूसरे हाफ में मिस्र ने शानदार वापसी की. मोस्तफा जिको ने बराबरी का गोल दागा, इसके बाद कप्तान मोहम्मद सालाह ने जिको के साथ बेहतरीन तालमेल दिखाते हुए शानदार गोल कर टीम को बढ़त दिला दी. आखिर में ट्रेजेगेट ने तीसरा गोल कर जीत पर मुहर लगा दी.
अंतिम क्षणों में मैदान से बाहर
कप्तान मोहम्मद सालाह ने एक गोल करने के साथ एक असिस्ट भी दिया. जब वह मैच के अंतिम क्षणों में मैदान से बाहर गए तो पूरे स्टेडियम ने खड़े होकर उनका स्वागत किया. सालाह ने उस मैच में वही भूमिका निभाई जिसकी उम्मीद मिस्र के प्रशंसक वर्षों से करते आए हैं. मोस्तफा जिको ने भी एक गोल और एक असिस्ट के साथ जीत में बड़ा योगदान दिया. मैच के बाद मिस्र के कप्तान मोहम्मद सालाह ने कहा, ‘यह अविश्वसनीय है.
सभी के लिए बड़ी उपलब्धि
इसे शब्दों में बयां करना मुश्किल है. यह खिलाड़ियों और सहयोगी स्टाफ सभी के लिए बड़ी उपलब्धि है. उम्मीद है कि हम इसी तरह आगे बढ़ेंगे, इतिहास रचेंगे और नॉकआउट चरण में पहुंचेंगे. आने वाले वर्षों में इसे मिस्र के फुटबॉल इतिहास की सबसे बड़ी उपलब्धियों में गिना जाएगा.’ इस जीत के साथ मिस्र ने ग्रुप-जी में चार अंक हासिल कर शीर्ष स्थान पर कब्जा कर लिया है. ईरान और बेल्जियम दो-दो अंकों के साथ उसके पीछे हैं, जबकि न्यूजीलैंड एक अंक के साथ चौथे स्थान पर है.
टीम अंक
मिस्र 4
ईरान 2
बेल्जियम 2
न्यूजीलैंड 1
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