Pakistan : युद्ध में मारे गए सैनिकों की लाश को ना अपनाना और बंधक सैनिकों को पाकिस्तानी सेना का हिस्सा मानने से इनकार कर देना, ये हमेशा से पाकिस्तानी सेना की फितरत है जिसे एक बार फिर कारगिल युद्ध के 27 साल के बाद पाकिस्तान ने दोहराया है.
प्राप्त जानकारी के अनुसार 14 फ़रवरी को बलूच लिबरेशन आर्मी (BLA) ने तस्वीरें और वीडियो साझा करते हुए दावा किया कि उसके क़ब्ज़े में 7 पाकिस्तानी सैनिक है. इस दौरान अगर पाकिस्तानी सेना इन सैनिकों की रिहाई चाहती है तो उसे बदले में BLA के लड़ाकों को छोड़ना होगा. बता दें कि इसके लिए उन्हें 7 दिनों का समय दिया था. बताया जा रहा है कि इसी के बाद पाकिस्तानी सेना के एक्स कॉर्प्स से जुड़े Proxy एकाउंट्स ने सोशल मीडिया पर दावा करना शुरू किया कि ये सैनिक पाकिस्तानी सेना के नहीं है और ये भी कहा कि BLA ने फर्ज़ी AI जनरेटेड वीडियो साझा की है. इस पर एक्स कॉर्प्स ने 15 फ़रवरी को पूरी नैरेटिव कैंपेन भी चलाई.
BLA ने बंधक 7 सैनिकों का जारी किया वीडियो
बता दें कि BLA ने एक और वीडियो जारी किया है, जिसमें BLA के पास बंधक सभी 7 सैनिक एक साथ बैठ कर अपने आईडी कार्ड दिखा रहे हैं. इसके साथ ही इनमें से एक सैनिक मोहम्मद शहरम जो सिपाही की रैंक पर है और वो रोते रोते कह रहा है कि आर्मी कैसे बोल सकती है हम उनके नहीं हैं. उसने ये भी कहा कि ये आईडी कार्ड उन्होंने ने ही हमें बनाकर दिया है हमने ख़ुद थोड़े ना बनाये हैं. इसके साथ ही ये शिनाख्ती कार्ड भी पाकिस्तान ने ही बना कर दिया है.
पाकिस्तानी सिपाही ने लगाई गुहार
इतना ही नही बल्कि रोते हुए उस पाकिस्तानी सिपाही ने पाकिस्तानी सेना से पूछा कि आप किस तरह बोल रहे हैं कि हम आपके आदमी नहीं हैं, मेरे पिता विकलांग हैं और मैं घर का बड़ा हूं. हमारे साथ ये ना इंसाफ़ी मत करें. अगर हमें स्वीकारना नहीं था तो हमें भर्ती क्यों करा.
21 फरवरी को खत्म होगा BLA का अल्टीमेटम
इसके साथ ही BLA ने मोहम्मद शहरम के अलावा ख़ैबर पख्तूनख्वाह प्रांत के पेशावर जिले के बुनेर गांव से तालुख़ रखने वाले सैनिक दीदार उल्लाह और गुजरांवाला के सैनिक उस्मान की भी वीडियो जारी की है, जो कि अपनी पुष्टि कर रहें हैं कि हम पाकिस्तानी सैनिक हैं. बता दें कि BLA द्वारा दिया गया 7 दिनों का अल्टीमेटम 21 फ़रवरी को ख़त्म होगा और 21 फ़रवरी के बाद BLA इन सैनिकों को मौत के घाट उतार सकता है.
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