मार्च का महीना अब खत्म होने की ओर है, लेकिन इस बार मौसम ने सभी को चौंका दिया है. आमतौर पर इस समय तक उत्तर भारत में गर्मी अपना असर दिखाने लगती है, लेकिन इस बार तस्वीर कुछ अलग नजर आ रही है.
एक तरफ जहां मैदानी इलाकों में सूरज की तेज तपिश लोगों को परेशान कर रही है, वहीं दूसरी तरफ पहाड़ी राज्यों में एक बार फिर बारिश और बर्फबारी का दौर शुरू हो गया है. मौसम के इस अचानक बदलाव ने लोगों के साथ-साथ किसानों और यात्रियों की चिंता भी बढ़ा दी है.
22 राज्यों में आंधी-बारिश का अलर्ट
मौसम विभाग के अनुसार, पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) के सक्रिय होने से आज यानी 27 मार्च को देश के करीब 22 राज्यों में आंधी और बारिश का असर देखने को मिलेगा.
दिल्ली-एनसीआर, उत्तर प्रदेश, बिहार, उत्तराखंड, छत्तीसगढ़ समेत कई राज्यों में तेज हवाएं, गरज-चमक और बारिश की संभावना जताई गई है. अगले 24 से 48 घंटों के दौरान मौसम तेजी से करवट ले सकता है.
दिल्ली-NCR: गर्मी पर ब्रेक, तेज हवाओं का असर
दिल्ली-एनसीआर में पिछले कुछ दिनों से बढ़ते तापमान पर अब ब्रेक लगने की उम्मीद है. मौसम विभाग के मुताबिक, आज दोपहर बाद या शाम के समय हल्की बारिश और गरज-चमक के साथ हवाएं चल सकती हैं.
करीब 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चलने वाली हवाएं लोगों को उमस से राहत देंगी. हालांकि, 29 और 30 मार्च को तेज आंधी का बड़ा अलर्ट जारी किया गया है, जिसमें हवाओं की रफ्तार 70 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है.
यूपी-बिहार: बारिश और ओलावृष्टि का खतरा
उत्तर प्रदेश और बिहार में मौसम का असर और ज्यादा देखने को मिल सकता है. यूपी में 27 मार्च से 31 मार्च तक आंधी और बारिश का सिलसिला जारी रहने की संभावना है.
वहीं बिहार में 27 मार्च को तेज बारिश के साथ ओलावृष्टि (Hailstorm) का अलर्ट जारी किया गया है. यह स्थिति खासतौर पर किसानों के लिए चिंता का कारण बन सकती है, क्योंकि फसलें कटाई के दौर में हैं.
कृषि विशेषज्ञों ने किसानों को सलाह दी है कि कटी हुई फसलों को सुरक्षित स्थान पर रखें और मौसम अपडेट पर नजर बनाए रखें.उ
उत्तराखंड: पहाड़ों पर बर्फबारी, मैदानों में गर्मी
देवभूमि उत्तराखंड में मौसम दोहरी चाल चल रहा है. मैदानी क्षेत्रों जैसे देहरादून, हरिद्वार और ऋषिकेश में तेज धूप और गर्मी महसूस की जा रही है.
वहीं ऊंचाई वाले इलाकों में मौसम पूरी तरह बदल गया है. मौसम विभाग ने उत्तरकाशी, चमोली, रुद्रप्रयाग, बागेश्वर और पिथौरागढ़ जैसे जिलों में बारिश और बर्फबारी की चेतावनी जारी की है.
3300 मीटर से अधिक ऊंचाई वाले क्षेत्रों में ताजा हिमपात की संभावना है, जिससे ठंड बढ़ सकती है.
छत्तीसगढ़ और मध्य भारत: गर्मी के बाद राहत
छत्तीसगढ़ और मध्य भारत में भी मौसम करवट लेने जा रहा है. हाल ही में तापमान में बढ़ोतरी देखी गई थी, लेकिन अब द्रोणिका (Trough Line) के प्रभाव से मौसम में बदलाव आएगा.
रायपुर समेत कई जिलों में 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं. इसके साथ ही गरज-चमक और बिजली गिरने का खतरा भी बना हुआ है. दक्षिणी छत्तीसगढ़ में अगले 48 घंटों में बारिश की गतिविधियां बढ़ सकती हैं.
पूर्वोत्तर भारत: लगातार बारिश का दौर
पूर्वोत्तर राज्यों में मौसम पहले से ही सक्रिय बना हुआ है. असम, मेघालय, अरुणाचल प्रदेश और नागालैंड में 29 मार्च तक भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है.
इन इलाकों में बिजली गिरने और भूस्खलन का खतरा भी बना हुआ है. ऐसे में लोगों को सतर्क रहने और अनावश्यक यात्रा से बचने की सलाह दी गई है.
क्या करें, क्या न करें
मौसम विभाग ने लोगों को सलाह दी है कि तेज हवाओं और बारिश के दौरान सुरक्षित स्थानों पर रहें. खुले मैदान, पेड़ या बिजली के खंभों के पास खड़े होने से बचें.
किसानों और यात्रियों को विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है, क्योंकि मौसम के अचानक बदलने से नुकसान की आशंका बढ़ जाती है.

