US-Iran War: अमेरिका-ईरान के बीच तनाव के कारण होर्मुज जलडमरूमध्य से होने वाला जहाजों का आवागमन सामान्य दिनों की तुलना में गिरकर काफी कम हो गया है. शिपिंग ट्रैफिक में भारी गिरावट आई है. UKMTO के मुताबिक, पिछले सात दिनों में होर्मुज जलडमरूमध्य से जहाजों की आवाजाही संघर्ष से पहले के औसत की सिर्फ 17% रही. इस दौरान 151 जहाज ही जलमार्ग से अंदर या बाहर गए.
56 जहाजों को नुकसान पहुंचने की घटनाएं दर्ज
रिपोर्ट के अनुसार, 28 फरवरी से अब तक होर्मुज और आसपास के समुद्री इलाकों में 56 जहाजों को नुकसान पहुंचने की घटनाएं दर्ज हुई हैं. दक्षिणी ओमानी मार्ग सबसे जोखिम वाला बना हुआ है, जहां 6 जुलाई के बाद दर्ज 18 प्रोजेक्टाइल हमलों में से 16 हुए हैं. UKMTO के मुताबिक, होर्मुज जलडमरूमध्य में एक बल्क कैरियर को अज्ञात प्रोजेक्टाइल ने निशाना बनाया और जहाज के ढांचे पर हमला हुआ.
चालक दल के सभी सदस्य सुरक्षित
UKMTO ने इसे सत्यापित रिपोर्ट बताया है. चालक दल के सभी सदस्य सुरक्षित बताए गए हैं, लेकिन नुकसान का आकलन अभी सामने नहीं आया है और पर्यावरण पर असर भी स्पष्ट नहीं है. UKMTO ने दूसरे जहाजों को सावधानी से गुजरने और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना देने की सलाह दी है. केप्लर के जहाजों की निगरानी से जुड़े आंकड़ों के मुताबिक शुक्रवार को सिर्फ दो मालवाहक जहाज होर्मुज से गुजरे और कच्चे तेल की कोई खेप दिखाई नहीं दी.
जहाजों पर हमले के बाद भी तनाव बढ़ा
गुरुवार को नौ मालवाहक जहाजों ने रास्ता पार किया था, जबकि अगस्त में औसतन रोजाना 12 जहाज इस रास्ते से गुजर रहे थे. दो ADNOC जहाजों पर हमले के बाद भी तनाव बढ़ा है. संयुक्त अरब अमीरात ने इन हमलों के लिए ईरान को जिम्मेदार ठहराया है, हालांकि तेहरान की ओर से तत्काल कोई प्रतिक्रिया नहीं आई.
इसे भी पढ़ें. लेबनान में इजराइली हमला, एक ही परिवार के 7 सात सदस्यों की मौत, तीन घायल, सीजफायर के बाद सबसे घातक अटैक

