South Kordofan Violence: सूडान के साउथ कोर्डोफान राज्य में हिंसा थमने के बजाय लगातार बढ़ती ही जा रही है. यहां हाल ही में हुए दो अलग-अलग हमलों में कम से कम 26 लोगों की जान चली गई, जबकि दर्जनों अन्य गंभीर रूप से घायल हैं. मानवाधिकार स्वयंसेवी संगठन ‘सूडान डॉक्टर्स नेटवर्क’ ने इन घटनाओं की पुष्टि करते हुए क्षेत्र के बिगड़ते मानवीय हालात पर चिंता व्यक्त की है.
एक बयान में उन्होंने कहा कि गुरुवार दोपहर काउदा के दक्षिण और पश्चिम में डेबी और लुवैरी पर ‘सूडान पीपल्स लिबरेशन मूवमेंट-नॉर्थ’ (SPLM-N) की सेनाओं ने हमला किया. SPLM-N, पैरामिलिट्री ‘रैपिड सपोर्ट फोर्सेज’ (RSF) की सहयोगी है. इस हमले में महिलाओं और बच्चों सहित 21 से अधिक लोग मारे गए और कई अन्य घायल हो गए. नेटवर्क ने एक अलग बयान में कहा कि शुक्रवार तड़के एक और घटना में, SPLM-N की सेनाओं की तोपबारी (आर्टिलरी शेलिंग) की चपेट में डिलिंग शहर आया, जिसमें एक बच्चे सहित पांच लोगों की मौत हो गई और कई अन्य घायल हो गए.
रिपोर्ट के मुताबिक, नेटवर्क ने डेबी और लुवैरी पर हुए हमले की निंदा करते हुए इसे अगस्त के आखिर में हुए सीज़फायर समझौते का उल्लंघन बताया और SPLM-N पर आम नागरिकों को निशाना बनाने का आरोप लगाया. डेबी के एक ग्रामीण अस्पताल के मेडिकल सूत्र ने शिन्हुआ को बताया कि अस्पताल में 20 से ज़्यादा शव और 11 घायल लोग लाए गए हैं, जबकि मानवीय हालात बिगड़ने के डर से आम नागरिक इलाका छोड़कर भाग रहे हैं.
डिलिंग में एक चश्मदीद ने शिन्हुआ को बताया कि तोप के गोले रिहायशी इलाकों में गिरे, जिससे लगभग पांच आम नागरिकों की मौत हो गई और सात से अधिक घायल हो गए. SPLM-N ने इन आरोपों पर कोई टिप्पणी नहीं की है. 2011 में बना SPLM-N, साउथ कोर्डोफान और ब्लू नाइल राज्य के कुछ हिस्सों पर नियंत्रण रखता है.
सूडान के कोर्डोफान राज्यों में एक तरफ सूडानी सशस्त्र बलों (SAF) और दूसरी तरफ RSF और SPLM-N के बीच लड़ाई देखी गई है. यह लड़ाई अप्रैल 2023 में शुरू हुए व्यापक संघर्ष का हिस्सा है. लाखों लोग देश के अंदर और बाहर विस्थापित हुए हैं. चौथे साल में चल रहे इस संघर्ष में अब तक हज़ारों लोग मारे गए हैं.

