Melania Trump: अमेरिका की फर्स्ट लेडी मेलानिया ट्रंप ने शुक्रवार को बताया कि उन्होंने रूस और यूक्रेन के बीच ओलेशकी शहर में एक सीमित युद्धविराम कराया है, जो 29 अक्टूबर से शुरू होगा. युद्ध से तबाह इस शहर में नागरिक फंसे हुए हैं और वहां भोजन की भारी कमी है. हालांकि मॉस्को या कीव की ओर से अभी तक इसकी कोई पुष्टि नहीं हुई है.
मेलानिया ट्रंप के कार्यालय से जारी एक बयान के अनुसार, रूस के कब्जे वाले ओलेशकी में यह सीमित युद्धविराम 29 अक्टूबर से शुरू होगा. मॉस्को या कीव की ओर से अभी तक इसकी कोई पुष्टि नहीं हुई है.
दरअसल, राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की पत्नी मेलानिया ने अपने एक बयान में कहा कि “ओलेशकी के हालात बहुत खराब हैं. यह युद्ध के मोर्चे पर स्थित एक ऐसा शहर है जो तबाही के कगार पर है. ऐसे में यदि मैं दखल न देती, तो शहर तक मानवीय सहायता पहुंचाना और बुजुर्गों को वहां से सुरक्षित बाहर निकालना नामुमकिन होता.”
मेलानिया ट्रंप ने 34 बच्चों को उनके परिवारों से मिलवाया
मेलानिया ट्रंप की यह घोषणा उस घटना के एक साल बाद आई है, जब स्लोवेनिया में जन्मीं पूर्व मॉडल मेलानिया ने दुनिया को यह बताकर चौंका दिया था कि उन्होंने रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के साथ बातचीत का एक गुप्त रास्ता तैयार किया है. उनके कार्यालय ने बताया कि इसके बाद से मेलानिया ट्रंप ने युद्ध के कारण अपने माता-पिता से बिछड़े 34 बच्चों को वापस उनके परिवारों से मिलवाया है. इनमें से कई मामलों में बच्चों को रूस द्वारा अगवा कर लिया गया था.
अमेरिका की फर्स्ट लेडी की यह घोषणा राष्ट्रपति ट्रंप ने यूक्रेन के खिलाफ मॉस्को के युद्ध को खत्म करने की कोशिशें के बीच आई हैं. इसके लिए वे यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की से दूर होकर, रूसी राष्ट्रपति पुतिन की ओर फिर से रुख कर रहे हैं. मेलानिया ट्रंप ने बताया कि उन्होंने ओलेशकी योजना पर रूस और यूक्रेन के नेतृत्व के साथ मिलकर काम किया है. उन्होंने कहा कि दोनों देशों के नागरिक प्रतिनिधि एक साथ मिलकर काम करेंगे और सहायता की जरूरतों का जायजा लेने के लिए इस तबाह शहर का दौरा करेंगे.
दो तरफ की गोलीबारी के बीच फंसे
उन्होंने कहा कि “जो निवासी वहां से निकलना चाहते हैं, उन्हें हर तरह की मदद दी जाएगी और उनकी पसंद की जगह तक पहुंचाने के लिए परिवहन की सुविधा भी मिलेगी. मुझे लगता है कि कुछ लोग रूस जाना चाहेंगे, तो कुछ यूक्रेन.” उन्होंने आगे कहा कि वह और एक निष्पक्ष अमेरिकी मीडिया संगठन (जिसका नाम उन्होंने नहीं बताया) इस पूरी प्रक्रिया के दौरान रूसी और यूक्रेनी टीमों के साथ रहेंगे और हर कदम को रिकॉर्ड करेंगे, ताकि यह सुनिश्चित हो सके कि निवासियों की इच्छाओं का सम्मान किया जाए.
क्या है पूरा मामला
बता दें कि खेरसॉन क्षेत्र में निप्रो नदी के दक्षिणी किनारे पर स्थित ओलेशकी शहर पर 2022 में रूसी सेना ने कब्ज़ा कर लिया था. रूस के हमले से पहले यहां लगभग 24,000 लोग रहते थे, लेकिन आज यहां केवल 2,000 के आसपास लोग ही बचे हैं. इस शहर के पूर्व निवासियों ने इस महीने की शुरुआत में बताया था कि वहां के लोग रूस और यूक्रेन के बीच हो रही गोलीबारी में फंस गए हैं, और उन्हें भोजन तथा दवाओं की भारी कमी का सामना करना पड़ रहा है.
56 वर्षीय ‘फर्स्ट लेडी’ अपनी छवि को लेकर काफी सतर्क रहती हैं और व्हाइट हाउस में बहुत कम ही नज़र आती हैं. वह न्यूयॉर्क में रहना पसंद करती हैं, जहां उनका बेटा बैरन पढ़ाई कर रहा है. लेकिन हाल के महीनों में उन्होंने सार्वजनिक रूप से अपनी सक्रियता बढ़ाई है. उन्होंने कई नई पहल शुरू की हैं, जिनमें से एक का उद्देश्य बड़े हो रहे ‘फॉस्टर बच्चों’ (जो सरकारी देखरेख में पलते हैं) की मदद करना है, और दूसरी पहल ऑनलाइन उत्पीड़न (ऑनलाइन हैरेसमेंट) से निपटने के लिए है.

