11 July 2026 Ka Panchang: शनिवार का पंचांग, जानें शुभ मुहूर्त और राहुकाल का समय

Shivam
Shivam
Reporter The Printlines (Part of Bharat Express News Network)
Must Read
Shivam
Shivam
Reporter The Printlines (Part of Bharat Express News Network)

Aaj Ka Panchang 11 July 2026: 11 जुलाई 2026 को आषाढ़ कृष्ण पक्ष की द्वादशी तिथि और शनिवार का दिन है. इस दिन द्वादशी तिथि देर रात 2 बजकर 5 मिनट तक रहेगी. वहीं, कृत्तिका नक्षत्र दोपहर पहले 11 बजकर 4 मिनट तक रहेगा. इसके अलावा शनिवार को योगिनी एकादशी व्रत का पारण भी किया जाएगा. 11 जुलाई को त्रिपुष्कर योग और अमृत सिद्धि योग जैसे शुभ योग भी बन रहे हैं. ऐसे में आइए जानते हैं 11 जुलाई 2026 का पंचांग, शुभ मुहूर्त, अशुभ समय, शहरों के अनुसार राहुकाल और सूर्योदय-सूर्यास्त का समय…

11 जुलाई 2026 का पंचांग

  • तिथि: आषाढ़ कृष्ण पक्ष की द्वादशी तिथि देर रात 2 बजकर 5 मिनट तक रहेगी.
  • नक्षत्र: कृत्तिका नक्षत्र दोपहर पहले 11 बजकर 4 मिनट तक रहेगा.
  • विशेष: योगिनी एकादशी व्रत का पारण किया जाएगा.
  • योगिनी एकादशी पारण समय: दोपहर 2 बजकर 3 मिनट से शाम 4 बजकर 42 मिनट तक.

11 जुलाई 2026 के शुभ मुहूर्त

शनिवार को अलग-अलग शुभ कार्यों के लिए कई महत्वपूर्ण मुहूर्त रहेंगे.

  • ब्रह्म मुहूर्त: सुबह 4 बजकर 41 मिनट से 5 बजकर 25 मिनट तक.
  • अभिजित मुहूर्त: दोपहर 12 बजकर 18 मिनट से 1 बजकर 10 मिनट तक.
  • विजय मुहूर्त: दोपहर 2 बजकर 56 मिनट से 3 बजकर 49 मिनट तक.
  • गोधूलि मुहूर्त: शाम 7 बजकर 19 मिनट से 7 बजकर 41 मिनट तक.
  • अमृत काल: सुबह 8 बजकर 52 मिनट से 10 बजकर 19 मिनट तक.
  • त्रिपुष्कर योग: सुबह 6 बजकर 8 मिनट से 11 बजकर 3 मिनट तक.
  • अमृत सिद्धि योग: सुबह 11 बजकर 3 मिनट से अगले दिन 12 जुलाई की सुबह 6 बजकर 8 मिनट तक.

11 जुलाई 2026 का अशुभ समय

शुभ कार्य की योजना बनाते समय अशुभ समय का भी ध्यान रखा जाता है.

  • राहुकाल: सुबह 9 बजकर 26 मिनट से 11 बजकर 5 मिनट तक.
  • यमगण्ड: दोपहर 2 बजकर 23 मिनट से शाम 4 बजकर 2 मिनट तक.
  • गुलिक काल: सुबह 6 बजकर 8 मिनट से 7 बजकर 47 मिनट तक.
  • दुर्मुहूर्त: सुबह 6 बजकर 8 मिनट से 7 बजकर 1 मिनट तक.
  • बाण चोर: शाम 5 बजकर 59 मिनट तक.

शहरों के अनुसार राहुकाल का समय

देश के अलग-अलग शहरों में राहुकाल का समय अलग रहेगा.

  • दिल्ली: सुबह 8 बजकर 59 मिनट से 10 बजकर 43 मिनट तक.
  • मुंबई: सुबह 9 बजकर 26 मिनट से 11 बजकर 5 मिनट तक.
  • चंडीगढ़: सुबह 8 बजकर 58 मिनट से 10 बजकर 43 मिनट तक.
  • लखनऊ: सुबह 8 बजकर 46 मिनट से 10 बजकर 29 मिनट तक.
  • भोपाल: सुबह 9 बजकर 3 मिनट से 10 बजकर 44 मिनट तक.
  • कोलकाता: सुबह 8 बजकर 21 मिनट से 10 बजकर 1 मिनट तक.
  • अहमदाबाद: सुबह 9 बजकर 23 मिनट से 11 बजकर 4 मिनट तक.
  • चेन्नई: सुबह 9 बजकर 2 मिनट से 10 बजकर 38 मिनट तक.

सूर्योदय और सूर्यास्त का समय

11 जुलाई 2026 को सूर्योदय सुबह 05:30 मिनट पर होगा, जबकि सूर्यास्त शाम 07:21 मिनट पर होगा.

कृत्तिका नक्षत्र का क्या है महत्व?

आकाशमंडल के कुल 27 नक्षत्रों में कृत्तिका तीसरा नक्षत्र माना जाता है. कृत्तिका का अर्थ ‘कार्य करना’ बताया गया है. इसका पहला चरण मेष राशि में और बाकी तीन चरण वृष राशि में आते हैं. इस कारण मेष और वृष, दोनों राशियों पर कृत्तिका नक्षत्र का प्रभाव माना जाता है. कृत्तिका नक्षत्र अग्नि तत्व का प्रतीक माना गया है और इसके देवता अग्नि देव हैं. वहीं, इस नक्षत्र के स्वामी सूर्यदेव माने जाते हैं. धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, सूर्यदेव की उपासना से ऊर्जा और तेज की प्राप्ति होती है तथा कार्यों में सफलता का मार्ग प्रशस्त होता है. कृत्तिका नक्षत्र के दौरान सूर्यदेव की उपासना करना शुभ माना जाता है. इसके अलावा इस अवधि में गायत्री मंत्र का पाठ करना भी लाभकारी बताया गया है.

गायत्री मंत्र:

ॐ भूर्भुव स्वः तत् सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य धीमहि धियो यो नः प्रचोदयात्।

(Disclaimer: इस लेख में दी गई सामान्य मान्यताओं और ज्योतिष गणनाओं पर आधारित है. The Printlines इसकी पुष्टि नहीं करता है.)

यह भी पढ़े: जहां धर्म का शासन होता है, उस राष्ट्र में नहीं होती अतिवृष्टि या अनावृष्टि: दिव्य मोरारी बापू

Latest News

सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई के दौरान याचिकाकर्ता ने की अभद्र टिप्पणी, कागजात भी फेंके, मची अफरा- तफरी

New Delhi: सुप्रीम कोर्ट में शुक्रवार को अपने मामले की खुद पैरवी कर रहे याचिकाकर्ता ने CJI के लिए...

More Articles Like This