Shani Sade Sati: शनि की साढ़े साती में नीलम पहनना सही है या नहीं? जानिए कौन-सा रत्न कब देता है शुभ फल

Shivam
Shivam
Reporter The Printlines (Part of Bharat Express News Network)
Must Read
Shivam
Shivam
Reporter The Printlines (Part of Bharat Express News Network)

Shani Sade Sati: शनि की साढ़े साती का नाम सुनते ही ज्यादातर लोगों के मन में डर और चिंता पैदा हो जाती है. कई लोग मानते हैं कि इस दौरान जीवन में परेशानियां बढ़ जाती हैं, इसलिए वे अलग-अलग ज्योतिषीय उपाय अपनाने लगते हैं. इन्हीं उपायों में रत्न धारण करना भी शामिल है. अक्सर देखा जाता है कि साढ़े साती शुरू होते ही लोग बिना किसी सलाह के नीलम पहन लेते हैं, क्योंकि इसे शनि का प्रमुख रत्न माना जाता है. लेकिन ज्योतिष शास्त्र के अनुसार ऐसा करना हर व्यक्ति के लिए सही नहीं होता.

विशेषज्ञों का कहना है कि किसी भी रत्न का प्रभाव व्यक्ति की जन्म कुंडली, ग्रहों की स्थिति और उनकी दशा पर निर्भर करता है. इसलिए केवल साढ़े साती चल रही है, इस आधार पर कोई भी रत्न धारण करना उचित नहीं माना जाता. गलत रत्न पहनने से लाभ मिलने के बजाय कई बार विपरीत परिणाम भी देखने को मिल सकते हैं.

साढ़े साती में क्यों जरूरी है सही सलाह?

ज्योतिष शास्त्र के अनुसार साढ़े साती व्यक्ति के जीवन का महत्वपूर्ण और परीक्षा लेने वाला समय माना जाता है. इस दौरान व्यक्ति को उसके कर्मों के अनुसार फल मिलने की मान्यता है. इसलिए इस समय किए जाने वाले किसी भी ज्योतिषीय उपाय को सोच-समझकर अपनाना चाहिए. विशेषज्ञों का कहना है कि रत्न धारण करने से पहले किसी योग्य ज्योतिषी से जन्म कुंडली का विश्लेषण कराना जरूरी होता है. बिना कुंडली देखे केवल दूसरों की सलाह या इंटरनेट पर मिली जानकारी के आधार पर रत्न पहनना नुकसानदायक भी साबित हो सकता है.

क्या हर व्यक्ति को नीलम पहनना चाहिए?

नीलम को शनि ग्रह का मुख्य रत्न माना जाता है. इसी वजह से बहुत से लोग यह मान लेते हैं कि साढ़े साती शुरू होते ही नीलम पहन लेना चाहिए. हालांकि ज्योतिष शास्त्र इस धारणा को सही नहीं मानता. यदि किसी व्यक्ति की जन्म कुंडली में शनि अशुभ स्थिति में हो या कमजोर हो, तो नीलम धारण करने से मानसिक तनाव, आर्थिक नुकसान, पारिवारिक तनाव या रिश्तों में परेशानियां बढ़ने की आशंका भी बताई जाती है. इसलिए नीलम हर व्यक्ति के लिए उपयुक्त रत्न नहीं माना जाता.

किन परिस्थितियों में नीलम देता है शुभ फल?

ज्योतिषाचार्यों के अनुसार जब जन्म कुंडली में शनि मजबूत स्थिति में हो, शुभ भाव का स्वामी हो और उसकी स्थिति अनुकूल हो, तभी नीलम धारण करने की सलाह दी जाती है. ऐसी स्थिति में नीलम को करियर में प्रगति, आर्थिक मजबूती, आत्मविश्वास और कार्यक्षेत्र में सफलता दिलाने वाला रत्न माना जाता है. हालांकि केवल साढ़े साती के आधार पर नीलम पहनने का निर्णय नहीं लिया जाता. इसके लिए ग्रहों की दशा, महादशा, अंतरदशा और वर्तमान गोचर का भी विस्तार से अध्ययन किया जाता है.

हर व्यक्ति के लिए नीलम जरूरी नहीं

ज्योतिष शास्त्र में यह भी बताया गया है कि हर व्यक्ति के लिए एक ही रत्न लाभकारी नहीं होता. कई बार कुंडली के अनुसार ज्योतिषी पन्ना, पुखराज, ओपल या अन्य रत्न धारण करने की सलाह देते हैं. इन रत्नों का उद्देश्य हमेशा शनि को मजबूत करना नहीं होता, बल्कि उन ग्रहों को बल देना होता है जो संबंधित व्यक्ति के लिए शुभ फल देने वाले माने जाते हैं. इसलिए अलग-अलग लोगों के लिए अलग-अलग रत्न उपयुक्त हो सकते हैं.

कुंडली देखकर ही करें रत्न का चुनाव

विशेषज्ञों के अनुसार एक ही परिवार में यदि दो या अधिक लोगों पर साढ़े साती चल रही हो, तब भी जरूरी नहीं कि सभी के लिए एक ही रत्न शुभ हो. प्रत्येक व्यक्ति की जन्म कुंडली अलग होती है और ग्रहों की स्थिति भी अलग रहती है. इसी कारण रत्न का चुनाव हमेशा व्यक्तिगत कुंडली के आधार पर ही किया जाना चाहिए. केवल किसी दूसरे व्यक्ति को देखकर या सामान्य जानकारी के आधार पर नीलम या कोई अन्य रत्न धारण करना उचित नहीं माना जाता.

बिना सलाह रत्न पहनने से बचें

ज्योतिष शास्त्र में रत्नों को ग्रहों की ऊर्जा से जोड़कर देखा जाता है. इसलिए किसी भी रत्न को धारण करने से पहले उसकी उपयुक्तता, ग्रहों की स्थिति और कुंडली का सही विश्लेषण कराना आवश्यक माना जाता है. सही सलाह के बाद चुना गया रत्न ही शुभ परिणाम देने में सहायक माना जाता है, जबकि बिना सलाह के पहना गया रत्न अपेक्षित लाभ देने के बजाय विपरीत प्रभाव भी डाल सकता है.

(Disclaimer: इस लेख में दी गई सामान्य मान्यताओं और ज्योतिष गणनाओं पर आधारित है. The Printlines इसकी पुष्टि नहीं करता है.)

यह भी पढ़े: ज्ञान और भक्ति से ही होते हैं भगवान प्रकट. दिव्य मोरारी बापू

Latest News

अमेरिका के लग्जरी क्रूज पर फैला खतरनाक ‘नोरोवायरस’, चालक दल समेत 125 लोग संक्रमित, हेल्थ एजेंसियां अलर्ट!

Washington: अमेरिका के सैन फ्रांसिस्को से कनाडा और अलास्का की यात्रा पर निकले एक लग्जरी क्रूज जहाज में पेट...

More Articles Like This