Share Market Closing: वैश्विक बाजारों से मिले-जुले संकेतों और पश्चिम एशिया में जारी तनाव के बीच भारतीय शेयर बाजार में मंगलवार को मजबूत तेजी देखने को मिली. निवेशकों की नजर अमेरिका-ईरान शांति वार्ता पर बनी रही, जिसके चलते बाजार में सतर्क आशावाद बना रहा और प्रमुख सूचकांक हरे निशान में बंद हुए. सेंसेक्स और निफ्टी ने लगातार तीसरे सत्र में अपनी बढ़त जारी रखते हुए बाजार में मजबूती का संकेत दिया.
सेंसेक्स-निफ्टी में मजबूत क्लोजिंग
कारोबार के अंत में 30 शेयरों वाला बीएसई सेंसेक्स 753.03 अंक (0.96%) चढ़कर 79,273.33 पर बंद हुआ. वहीं, एनएसई निफ्टी50 211.75 अंक (0.87%) की तेजी के साथ 24,576.60 के स्तर पर पहुंच गया. दिनभर के कारोबार में बाजार में सकारात्मक रुख बना रहा और निवेशकों की खरीदारी देखने को मिली.
दिनभर में हाई लेवल तक पहुंचा बाजार
कारोबार की शुरुआत में सेंसेक्स 78,617.16 पर खुला और दिन के दौरान करीब 750 अंकों की तेजी के साथ 79,367.08 का इंट्रा-डे हाई बनाया. इसी तरह, निफ्टी50 24,374.55 पर खुलकर 24,601.70 के उच्चतम स्तर तक पहुंचा, जो बाजार में मजबूत ट्रेंड का संकेत देता है.
बैंकिंग सेक्टर ने किया लीड
इस तेजी में बैंकिंग सेक्टर का बड़ा योगदान रहा. बैंक निफ्टी इंडेक्स में 1.39 प्रतिशत की बढ़त दर्ज की गई, जिससे बाजार को मजबूत सपोर्ट मिला. इसके अलावा, व्यापक बाजारों में भी तेजी देखने को मिली, जहां निफ्टी मिडकैप 100 इंडेक्स में 0.49 प्रतिशत और निफ्टी स्मॉलकैप 100 इंडेक्स में 0.88 प्रतिशत की बढ़त रही.
सेक्टरवार प्रदर्शन
सेक्टर के लिहाज से बाजार में चौतरफा खरीदारी देखने को मिली. निफ्टी रियल्टी में 2.14 प्रतिशत, निफ्टी प्राइवेट बैंक में 1.50 प्रतिशत, निफ्टी फाइनेंशियल सर्विसेज में 1.01 प्रतिशत, निफ्टी मीडिया में करीब 1 प्रतिशत और निफ्टी पीएसयू बैंक में 0.79 प्रतिशत की तेजी दर्ज की गई. इसके अलावा, आईटी, ऑटो और मेटल सेक्टर में भी सकारात्मक रुख देखने को मिला, जबकि फार्मा सेक्टर दबाव में रहा.
टॉप गेनर्स और लूजर्स
निफ्टी 50 पैक में नेस्ले इंडिया, एचयूएल, ट्रेंट, बजाज फाइनेंस, टाटा कंज्यूमर, आईसीआईसीआई बैंक, एचडीएफसी बैंक, आईटीसी, एक्सिस बैंक, अदाणी पोर्ट्स, विप्रो और टीसीएस जैसे शेयरों में अच्छी बढ़त दर्ज की गई. वहीं दूसरी ओर, एसबीआई लाइफ, बीईएल, जियो फाइनेंशियल सर्विसेज, डॉ. रेड्डीज लैबोरेटरीज, टाइटन, रिलायंस और एनटीपीसी जैसे शेयरों में गिरावट देखने को मिली.
वैश्विक संकेतों का असर
पश्चिम एशिया में जारी भू-राजनीतिक तनाव और अमेरिका-ईरान के बीच संभावित शांति वार्ता को लेकर उम्मीदों ने बाजार की दिशा तय करने में अहम भूमिका निभाई. निवेशक फिलहाल सतर्क बने हुए हैं, लेकिन सकारात्मक संकेतों के चलते बाजार में खरीदारी का रुझान बना हुआ है.
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