New Delhi: गृह मंत्रालय ने पाकिस्तान के खिलाफ बड़ा एक्शन लेते हुए वहां मौजूद 23 लोगों को आतंकवादी घोषित किया है. UAPA के तहत यह कार्रवाई की गई है. सरकार के आदेश के मुताबिक, ये लोग जैश-ए-मोहम्मद (JeM) और लश्कर-ए-तैयबा (LeT) और अन्य संगठनों से जुड़े हैं.
इन पर जम्मू-कश्मीर में आतंकी गतिविधियों के लिए लोगों को भर्ती करने, घुसपैठ, ट्रेनिंग, ड्रोन के जरिए हथियार पहुंचाने और हमलों की साजिश रचने में शामिल होने का आरोप है. इन 23 लोगों में से तीन लश्कर के संस्थापक हाफिज सईद के करीबी सहयोगी बताए जाते हैं. तीन लोग कथित तौर पर नगरोटा में सेना के कैंप पर 2016 में हुए आतंकी हमले में शामिल थे और दो लोग कथित तौर पर सुंजवान मिलिट्री स्टेशन पर 2018 में हुए आतंकी हमले में शामिल थे.
क्या कहा गया नोटिफिकेशन में?
एक नोटिफिकेशन में गृह मंत्रालय ने सईद के करीबी साथियों के तौर पर अब्दुल रऊफ, हाफिज खालिद वलीद और राणा इफ्तिखार की पहचान की है. दस्तावेज में कहा गया है, “54 साल के राणा इफ्तिखार जिहाद-विरोधी संगठनों के बीच तालमेल बिठाता है, युवाओं को आतंकवादी गतिविधियों को अंजाम देने के लिए उकसाता है और हाफिज सईद का करीबी साथी है.”
इसमें आगे बताया गया, “52 साल का अब्दुल रऊफ लश्कर और जमात-उद-दावा से जुड़ा है. वह आतंकवादी गतिविधियों की योजना बनाने और उनमें तालमेल बिठाने तथा फंड इकट्ठा करने के काम में शामिल है. वह हाफिज सईद की सीधी कमान में लश्कर के मुख्य आतंकवादियों में से एक है.”
इसमें आगे कहा गया, “51 साल का हाफिज खालिद वलीद, हाफिज सईद की सुरक्षा में रहकर आतंकवादी गतिविधियों को अंजाम देने के इरादे से काम करता है और कई आतंकवादी घटनाओं का मास्टरमाइंड है.”

