Soldierathon Delhi 2026: राजधानी दिल्ली एक बार फिर देशभक्ति, फिटनेस और सामाजिक संवेदना के अद्भुत संगम की साक्षी बनने जा रही है. 5 अप्रैल को जवाहरलाल नेहरू स्टेडियम में आयोजित होने जा रही “पीएनबी सोल्जराथन- रन विद सोल्जर्स, रन फॉर सोल्जर्स” देश की सबसे बड़ी और प्रतिष्ठित मैराथनों में से एक बन चुकी है. खास बात यह है कि इस सोल्जराथन में भारत एक्सप्रेस के सीएमडी और एडिटर इन चीफ उपेंद्र राय भी शामिल हों. सीएमडी उपेंद्र राय गवर्नर जनरल वीके सिंह और पंजाब नेशनल बैंक के एमडी अशोक चंद्रा के साथ इवेंट को फ्लैग ऑफ करेंगे. यह आयोजन केवल एक दौड़ नहीं, बल्कि उन वीर सैनिकों के प्रति सम्मान और समर्थन का सशक्त प्रतीक है, जिन्होंने देश के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर कर दिया.
इस बार की सोल्जराथन में अब तक 26,741 प्रतिभागियों ने रजिस्ट्रेशन कराया है, और यह संख्या लगातार बढ़ रही है. खास बात यह है कि इस दौड़ में भारतीय सेना के जवानों के साथ-साथ आम नागरिक भी बड़ी संख्या में भाग ले रहे हैं. रेस के अंदर बिसलेरी की तरफ से चार लाख पानी की बोतलों का अरेंजमेंट किया गया है. इसके अलावा भारत एक्सप्रेस इस पूरे इवेंट को लाइव दिखा रहा है. स्टेडियम और इंडिया गेट से जो भी साढ़े तीन घंटे इवेंट चलेगा उस पूरे इवेंट को भारत एक्सप्रेस लाइव कवर कर रहा है.

पूर्व राष्ट्रपति डॉ. कलाम के मार्गदर्शन में हुई थी शुरुआत
इस पहल की शुरुआत रिटायर्ड मेजर सुरेंद्र पूनिया ने पूर्व राष्ट्रपति डॉ. ए.पी.जे. अब्दुल कलाम के मार्गदर्शन में की थी. डॉ. कलाम के निधन के बाद इस मिशन को पूर्व सीडीएस जनरल बिपिन रावत का संरक्षण मिला और वर्तमान में इसके संरक्षक जनरल वी.के. सिंह हैं. वहीं शिल्पा भगत ने “फिट भारत” के जरिए इस आंदोलन को जन-जन तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है. यह दौड़ पहले सिक्किम, रायपुर, पुणे, हैदराबाद, जयपुर, मुंबई और दिल्ली जैसे शहरों में कई बार आयोजित हो चुकी है और हर बार इसका दायरा और प्रभाव बढ़ता गया है.
सैनिकों का सम्मान और पुनर्वास है उद्देश्य
सोल्जराथन का सबसे महत्वपूर्ण पहलू इसका सामाजिक उद्देश्य है. इस मैराथन से जुटाए गए फंड का उपयोग उन सैनिकों के इलाज और पुनर्वास के लिए किया जाता है, जो युद्ध या आतंकवाद विरोधी अभियानों में घायल होकर स्थायी रूप से प्रभावित हुए हैं. यह आयोजन सुनिश्चित करता है कि कोई भी सैनिक खुद को अकेला या उपेक्षित महसूस न करे.
रेस एक्सपो: अनुभव, ऊर्जा और प्रेरणा का केंद्र
2 से 4 अप्रैल तक त्यागराज स्टेडियम में आयोजित होने वाला रेस एक्सपो, इस पूरे आयोजन का अहम हिस्सा है. यहां प्रतिभागियों को उनका चेस्ट नंबर, टी-शर्ट और गुडी बैग दिए जाएंगे.
इस एक्सपो में लोग घायल सैनिकों से मुलाकात भी कर सकेंगे. इसके अलावा फिटनेस और स्पोर्ट्स एक्टिविटीज, सांस्कृतिक कार्यक्रमों का भी आयोजन किया जाएगा. वहीं 3 अप्रैल को शाम 4 बजे भजन जैमिंग, जो भारतीय मैराथन इतिहास में पहली बार आयोजित किया जा रहा है. इस दौरान देश के नामी कलाकार भगवान कृष्ण, राम, शिव और हनुमान से जुड़े भजनों के माध्यम से आध्यात्मिक माहौल तैयार करेंगे.
लॉन्च और आयोजन की तैयारी
इस आयोजन का औपचारिक शुभारंभ मार्च में पंजाब नेशनल बैंक मुख्यालय में हुआ, जहां बैंक के एमडी अशोक चंद्रा और मेजर सुरेंद्र पूनिया सहित हजारों लोगों ने भाग लिया. इस दौरान यह संकल्प लिया गया कि देश के सैनिकों के सम्मान में एक विशाल राष्ट्रीय मैराथन आयोजित की जाएगी और अब वह सपना साकार होने जा रहा है.
रनर्स वॉल का किया गया निर्माण
रेस एक्सपो में एक विशाल रनर्स वॉल भी बनाई गई है, जिस पर सभी 26,741 प्रतिभागियों के नाम अंकित हैं. इस पर लिखा संदेश “रुकना मना है” हर धावक के जज्बे और संकल्प को दर्शाता है.
इस मेगा इवेंट को सफल बनाने के लिए बड़े स्तर पर तैयारियां की गई हैं. जिसमें लगभग 1500 से ज्यादा एनसीसी के वॉलंटियर हैं. इसके अलावा लगभग 900 से ज्यादा भारतीय आर्मी, इंडियन नेवी और इंडियन एयर फोर्स के जवान इस रेस को सक्षम सफल बनाने के लिए अपना पूरा योगदान देंगे. प्रतिभागियों के लिए एक बड़ी राहत की बात यह है कि वे अपनी बिब (चेस्ट नंबर) के साथ दिल्ली मेट्रो में मुफ्त यात्रा कर सकेंगे.
रेस का शेड्यूल
- हाफ मैराथन (21.1 किमी): सुबह 5 बजे (रिपोर्टिंग 4 बजे)
- 10 किमी रन: सुबह 6 बजे
- 5 किमी फन रन: सुबह 7 बजे
यह आयोजन पीएम नरेंद्र मोदी के फिट इंडिया मूवमेंट को भी मजबूती देता है. फिट भारत के माध्यम से लाखों लोग देशभर में फिटनेस के प्रति जागरूक हो रहे हैं और सोल्जराथन इस अभियान को नई ऊर्जा दे रही है. यह सिर्फ एक मैराथन नहीं, बल्कि एक भावना है,एक सम्मान और एक जिम्मेदारी है. जो यह संदेश दे रहा है कि देश अपने सैनिकों के साथ कंधे से कंधा मिलाकर खड़ा है.

