रिपोर्ट के मुताबिक भारत के प्रमुख शहरों में ऑफिस स्पेस की मांग का लगभग 50% हिस्सा ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटर्स से आ सकता है. इसमें अमेरिकी कंपनियों की हिस्सेदारी सबसे अधिक रहने की संभावना है.
Qualcomm और Tata Electronics असम के जागीरोड में ऑटोमोटिव चिप मॉड्यूल का निर्माण करेंगे. 3 अरब डॉलर की OSAT सुविधा से भारत स्मार्ट व्हीकल टेक्नोलॉजी और सेमीकंडक्टर निर्माण में वैश्विक केंद्र बनने की दिशा में बड़ा कदम उठाएगा.