लखीमपुर खीरीः दुधवा टाइगर रिजर्व के बफर जोन अंतर्गत मझगई रेंज में पिछले कई दिनों से दहशत का पर्याय बनी बाघिन को आखिरकार वन विभाग की टीम ने मंगलवार को ट्रेंकुलाइज कर पिंजरे में कैद कर लिया. पिछले सात...
लखीमपुर खीरीः भीषण गर्मी के बीच दुधवा टाइगर रिजर्व में वन्यजीवों को पानी की कमी का सामना न करना पड़े, इसके लिए वन विभाग ने पहले से व्यापक तैयारियां कर रखी हैं. दुधवा प्रशासन की सक्रियता का ही परिणाम...
Lakhimpur Kheri Accident: सोमवार को लखीमपुर खीरी में सड़क हादसे में दस लोगों की मौत हो गई, जबकि कई लोग घायल है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस हादसे पर शोक व्यक्त किया हैं. साथ ही प्रत्येक मृतक के परिजनों...
लखीमपुर में आयोजित भाजपा प्रशिक्षण अभियान कार्यक्रम में राज्यसभा सांसद डॉ दिनेश शर्मा ने भाजपा को विचारधारा आधारित पार्टी बताते हुए संगठन, कार्यकर्ता और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व पर विस्तार से बात की.
लखीमपुर खीरी: शनिवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भारत-नेपाल सीमा पर स्थित पलियाकलां के चंदनचौकी पहुंचे. यहां उन्होंने न केवल विकास की बयार बहाई, बल्कि दशकों से अपने हक का इंतजार कर रहे थारू जनजाति के परिवारों को जमीन का...
Lakhimpur Kheri Crime: लखीमपुर खीरी से चौंकाने वाली घटना सामने आई है. यहां भीरा क्षेत्र में कुत्तों को मारने के लिए रखा गया जहरीला चावल कई गिद्धों की मौत का कारण बन गया. मामले की सूचना मिलने पर डीएफओ...
Lakhimpur Kheri: लखीमपुर खीरी में वन विभाग को बड़ी सफलता मिली है. निघासन रेंज के फूटहा फार्म के पास लगाए गए पिंजरे में आखिरकार उस तेंदुए को पकड़ लिया गया, जिसने हाल ही में एक बच्ची की जिंदगी उससे...
UP News: यूपी के प्रभारी मंत्री नितिन अग्रवाल ने मंगलवार कों लखीमपुर खीरी में आयोजित प्रेस वार्ता में उत्तर प्रदेश सरकार के बजट की प्रमुख उपलब्धियों की जानकारी दी. इस दौरान जिले की स्वास्थ्य सेवाओं और लंबित विकास कार्यों...
UP News: लखीमपुर खीरी के धौरहरा वन रेंज क्षेत्र में बीते कई दिनों से दहशत का पर्याय बने तेंदुए को आखिरकार वन विभाग ने पकड़ने में सफलता हासिल कर ली है. वन विभाग द्वारा लगाए गए पिंजरे में सोमवार...
लखीमपुर खीरीः बीते मंगलवार को भीरा रेंज के बिजुआ बीट में वयस्क मादा तेंदुए का शव मिलने से वन विभाग में हड़कंप मच गया था. जैसे ही सूचना मिली, दुधवा टाइगर रिज़र्व बफर जोन की उपनिदेशक कीर्ति चौधरी टीम...
बढ़ती घरेलू मांग, बेहतर कीमतों और निर्यात में वृद्धि से भारत के मखाना बाजार को रफ्तार मिल रही है. सरकारी फैक्टशीट के मुताबिक 2029-30 तक बाजार 12 हजार करोड़ रुपये तक पहुंच सकता है.