भारत की पीक बिजली मांग पिछले एक दशक में करीब दोगुनी होकर 270.8 गीगावाट पहुंच गई है. वहीं देश की स्थापित बिजली उत्पादन क्षमता बढ़कर 552 गीगावाट हो गई. गैर-जीवाश्म क्षमता भी 283.46 गीगावाट तक पहुंच चुकी है.
भारत के आवासीय बाजार में घरों की कीमतों में स्थिर बढ़ोतरी देखने को मिली है. रिपोर्ट के मुताबिक चंडीगढ़ में कीमतें 49.6% बढ़ीं, जबकि लखनऊ में 17.7% की सालाना वृद्धि दर्ज की गई.