भारत के आवासीय बाजार में घरों की कीमतों में स्थिर बढ़ोतरी देखने को मिली है. रिपोर्ट के मुताबिक चंडीगढ़ में कीमतें 49.6% बढ़ीं, जबकि लखनऊ में 17.7% की सालाना वृद्धि दर्ज की गई.
भारत में कमर्शियल ऑफिस स्पेस की मांग लगातार बढ़ रही है. 2026 की पहली छमाही में इस्तेमाल हो रहा ऑफिस स्पेस सालाना आधार पर 6 फीसदी बढ़कर 901.1 मिलियन स्क्वायर फीट पहुंच गया. बेंगलुरु सबसे बड़े ऑफिस मार्केट के रूप में आगे रहा.
दिल्ली-NCR के प्रॉपर्टी बाजार में गाजियाबाद में घरों की कीमत 17% घटी है, जबकि फरीदाबाद में 264% की बढ़ोतरी हुई. जानें गुरुग्राम, ग्रेटर नोएडा और नोएडा में घरों के ताजा दाम.
घर खरीदने की योजना बना रहे लोगों के लिए बड़ी राहत. Bank of Maharashtra ने होम लोन की शुरुआती ब्याज दर 7% कर दी है और प्रोसेसिंग फीस भी पूरी तरह माफ कर दी है. जानिए किन ग्राहकों को मिलेगा यह फायदा.
GCC Office Space Demand: भारत ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटर (GCC) का बड़ा केंद्र बनता जा रहा है. कोलियर्स की रिपोर्ट के अनुसार अगले दो वर्षों में देश में ग्रेड-ए ऑफिस स्पेस की करीब आधी मांग GCC से आने का अनुमान है.
भारत एशिया-प्रशांत क्षेत्र में सबसे किफायती ऑफिस फिट-आउट मार्केट बन गया है. कम लागत और बेहतर क्वालिटी के कारण ग्लोबल कंपनियों की दिलचस्पी तेजी से बढ़ रही है.
कॉलियर्स की रिपोर्ट के मुताबिक 2025 में भारत में रियल एस्टेट निवेश 29% बढ़ा है. एशिया-प्रशांत क्षेत्र में भारत तेजी से उभरता हुआ निवेश बाजार बन गया है.
रिपोर्ट के मुताबिक भारत के प्रमुख शहरों में ऑफिस स्पेस की मांग का लगभग 50% हिस्सा ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटर्स से आ सकता है. इसमें अमेरिकी कंपनियों की हिस्सेदारी सबसे अधिक रहने की संभावना है.