JLL की ताज़ा रिपोर्ट के अनुसार, 2025 की पहली छमाही में भारत में मैन्युफैक्चरिंग स्पेस लीजिंग रिकॉर्ड 90 लाख वर्ग फुट तक पहुंच गई. साथ ही वेयरहाउसिंग सेक्टर में भी 12-15% की ग्रोथ की उम्मीद है, जो लॉजिस्टिक्स और निर्माण क्षेत्रों में बढ़ती मांग को दर्शाती है.
अमेरिका-ईरान वार्ता, कच्चे तेल की कीमतें और कंपनियों के Q4 नतीजे अगले हफ्ते भारतीय शेयर बाजार की दिशा तय करेंगे. निवेशकों की नजर इन बड़े फैक्टर्स पर रहेगी.