पापुआ न्यू गिनी की मदद के लिए आगे आया भारत, भेजी गई 19 टन राहत सामग्री

Abhinav Tripathi
Abhinav Tripathi
Sub Editor, The Printlines (Part of Bharat Express News Network)
Must Read
Abhinav Tripathi
Abhinav Tripathi
Sub Editor, The Printlines (Part of Bharat Express News Network)

India Helped Papua New Guinea: पिछले दिनों पापुआ न्यू गिनी प्राकृतिक आपदा से गुजरा. यहां पर एंगा प्रांत में विनाशकारी भूस्खलन के कारण 2000 से अधिक लोगों की जान चली गई. इसके कारण ये देश इस समय अपने सबसे बुरे दौर से गुजर रहा है. पापुआ न्यू गिनी की मदद के लिए भारत आगे आया है. पपुआ न्यू गिनी को भारत की ओर से 13 टन आपदा राहत सामग्री भेजी गई. इस बात की जानकारी विदेश मंत्रालय द्वारा दी गई है.

भारत ने भेजी पापुआ न्यू गिनी को मदद

समाचार एजेंसी एएनआई से मिली जानकारी के अनुसार पापुआ न्यू गिनी के एंगा प्रांत में विनाशकारी भूस्खलन के मद्देनजर, भारत ने करीबी एफआईपीआईसी भागीदार को 1 मिलियन अमेरिकी डॉलर की तत्काल सहायता की घोषणा की थी. जिसके तहत लगभग 19 टन मानवीय सहायता और आपदा राहत सामग्री (HDR) आपूर्ति लेकर एक विमान पापुआ न्यू गिनी के लिए रवाना हुआ है.

मीडिया रिपोर्ट्स से मिली जानकारी के अनुसार जो सहायता आज भेजी गई है, उनमें 13 टन आपदा राहत सामग्री शामिल हैं. इस राहत सामग्री में अस्थायी आश्रय, पानी के टैंक, स्वच्छता किट और खाने के लिए तैयार भोजन और 6 टन आपातकालीन उपयोग की दवाएं इत्यादि शामिल हैं.

आपदा से गुजर रहा पापुआ न्यू गिनी

उल्लेखनीय है कि विगत 24 मई 2024 को पापुआ न्यू गिनी के एंगा प्रांत में भीषण भूस्खलन की आपदा देखने को मिली थी. इस दौरान बड़े एरिया की जमीन धंस गई थी. इस आपदा में 2000 से अधिक लोग जमीन में समा गए, जिससे उनकी मौत हो गई. पापुआ न्यू गिनी में आई ये आपदा अब तक की सबसे बड़ी आपदा में से एक है. हालांकि, मरने वालों की ये संख्या सरकारी आंकड़े हैं.

यह भी पढ़ें: धूम्रपान करने वाले सबसे ज्यादा ऑफिस से रहते हैं गायब, UAE में हुई स्टडी में हुआ खुलासा!

Latest News

चरित्र तय करता है कि आप कितनी दूर तक जाएंगे”: IIM लखनऊ के MBA विद्यार्थियों को डॉ. राजेश्वर सिंह का सशक्त संदेश

Lucknow: देश के अग्रणी प्रबंधन संस्थानों में शुमार Indian Institute of Management Lucknow के प्रतिष्ठित वार्षिक महोत्सव Manfest–Varchasva के...

More Articles Like This