New Delhi: आतंकी संगठन हमास पाकिस्तान और बांग्लादेश में अपना विस्तार कर रहा है. यह जानकारी भारत में इजरायल के राजदूत रूवेन अजार ने दी है. उन्होंने दावा किया है कि बांग्लादेश और पाकिस्तान के स्थानीय इस्लामिक समूहों के साथ मिलकर हमास क्षेत्रीय और वैश्विक नेटवर्क का विस्तार करने की कोशिश में जुटा हुआ है.
फंडिंग, वैचारिक सहयोग और लॉजिस्टिक चैनल
राजनयिक ने बांग्लादेश के साप्ताहिक ब्लिट्ज मीडिया आउटलेट को एक इंटरव्यू में बताया कि गाजा से बाहर शेख खालिद कुद्दुमी और खालिद मशाल जैसे हमास के वरिष्ठ नेताओं के जरिए संपर्क और ऑपरेशन स्थापित करके हमास का मकसद अपनी गतिविधियों के लिए फंडिंग, वैचारिक सहयोग और लॉजिस्टिक चैनल हासिल करना है.
PAK की भागीदारी पर अजार ने दी चेतावनी
उन्होंने कहा कि यह विस्तार इसे स्थानीय इस्लामिक समूहों के साथ जुड़ने की भी इजाजत देता है. जिहादी प्रॉक्सी पर आधारित एक व्यापक रणनीतिक सिद्धांत के हिस्से के रूप में आतंकवादी समूह के साथ पाकिस्तान की भागीदारी पर अजार ने चेतावनी दी कि ऐसे संबंध देश के लिए ही खतरा पैदा करते हैं.
संरक्षण देना किसी भी देश के लिए जोखिम
उन्होंने कहा कि चरमपंथी समूहों, हमास, फिलिस्तीनी इस्लामिक जिहाद या किसी और को लगातार संरक्षण देना किसी भी देश के लिए जोखिम पैदा करता है. इतिहास गवाह है कि विदेशों में बनाए गए नेटवर्क आखिरकार अंदरूनी तौर पर हालात बदल कर रख देते हैं. बड़ी आबादी को कट्टरपंथी बना सकते हैं. राज्य संस्थानों को कमजोर कर सकते हैं और आंतरिक सुरक्षा चुनौतियां पैदा कर सकते हैं.
बांग्लादेश में आतंकवादी घुसपैठ खतरनाक
बांग्लादेश के एक वरिष्ठ खोजी पत्रकार ने इस महीने की शुरुआत में कराची से ढाका के लिए बिमान फ्लाइट बीजी-342 से चार लश्कर-ए-तैयबा ऑपरेटिव के आने की बात कही थी. यह आरोप साहिदुल हसन खोकन ने लगाया था, जिन्होंने इस घटनाक्रम को मुहम्मद यूनुस के नेतृत्व वाली अंतरिम सरकार की ओर से बांग्लादेश में आतंकवादी घुसपैठ को खतरनाक तरीके से बढ़ावा देने की पाकिस्तान परस्त नीति का हिस्सा बताया था.
बढ़ गई हैं सुरक्षा चिंताएं
यह सब बांग्लादेश की ओर से पाकिस्तान के साथ सीधी उड़ानें फिर से शुरू करने के बीच हुआ, जिससे सुरक्षा चिंताएं बढ़ गई हैं. पिछले साल जुलाई में प्रकाशित एक लेख में ब्लिट्ज के एडिटर सलाह उद्दीन शोएब चौधरी ने खुद नोट किया था कि 7 सितंबर 2024 को बांग्लादेश में एक स्थानीय इस्लामिक समूह ने कथित तौर पर हमास के वरिष्ठ लोगों, जिसमें शेख खालिद कुद्दुमी और खालिद मशाल शामिल थे, की मेजबानी की थी.
इसे भी पढ़ें. UP: CM योगी ने की सर्वदलीय बैठक, सोमवार से शुरु होगा विधानसभा का बजट सत्र, इस दिन आएगा बजट

