Latvia PM Resigns: उत्तरी यूरोप में स्थित लातविया देश की प्रधानमंत्री एविका सिलिना ने अपने पद से इस्तीफा देने की घोषणा कर दी है. सिलिना के इस्तीफे के साथ ही उनकी सरकार भी गिर गई है क्योंकि गठबंधन में शामिल प्रोग्रेसिव्स पार्टी ने अपना समर्थन वापस ले लिया है. सिलिना ने कहा कि मौजूदा राजनीतिक परिस्थितियों को देखते हुए यह सही फैसला है. जब तक नई सरकार का गठन नहीं हो जाता और नए मंत्रियों को मंजूरी नहीं मिल जाती, तब तक मौजूदा सरकार काम करती रहेगी.
सिलिना का मिल चुका है इस्तीफा
उधर, राष्ट्रपति का कहना है कि उन्हें सिलिना का इस्तीफा मिल चुका है. अब नई सरकार बनाने को लेकर शुक्रवार को रीगा कैसल में संसद के दलों के प्रतिनिधियों के साथ चर्चा की जाएगी. प्रधानमंत्री ने अपने बयान में कहा कि राजनीति में जिम्मेदारी से ज्यादा छोटे राजनीतिक फायदे अहम हो गए हैं. उन्होंने आरोप लगाया कि मजबूत रक्षा मंत्री उम्मीदवार को देखकर कुछ नेताओं ने राजनीतिक संकट पैदा करना चुना.
देश में रक्षा के मुद्दे पर राजनीतिक संकट
सिलिना का इस्तीफा इस वजह से सामने आया है क्योंकि इस देश में रक्षा के मुद्दे पर राजनीतिक संकट पैदा हो गया था. इविका सिलिना एक गठबंधन सरकार चला रही थीं. हाल ही में जब यूक्रेन से जुड़े हुए ड्रोन लातविया में घुस आए और ऑयल रिफायनरी को फूंक दिया, तो परिस्थितियां बदल गईं. रक्षा को लेकर सवाल उठने लगे और उनकी सरकार को बड़ा झटका तब लगा जब गठबंधन में शामिल प्रोग्रेसिव्स पार्टी ने समर्थन वापस लेने का फैसला किया. इसके बाद संसद में सरकार का बहुमत कमजोर हो गया और सरकार गिरने की स्थिति बन गई.
रक्षा मंत्री अंद्रिस स्प्रड्स ने दिया था इस्तीफा
हाल ही में लातविया के रक्षा मंत्री अंद्रिस स्प्रड्स ने इस्तीफा दिया था. यह फैसला उस घटना के बाद आया जब यूक्रेन से जुड़े ड्रोन रूस की दिशा से लातविया के हवाई क्षेत्र में घुस आए और एक तेल भंडारण केंद्र पर हमला हुआ. प्रधानमंत्री सिलिना ने कहा था कि इस घटना ने दिखा दिया कि देश की रक्षा व्यवस्था और राजनीतिक नेतृत्व सुरक्षित आसमान देने के अपने वादे पर खरे नहीं उतर पाए.
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