Saudi Arabia: सऊदी अरब ने बर्ड फ्लू के संभावित खतरे को देखते हुए बड़ा फैसला किया है. 40 देशों से पोल्ट्री उत्पादों और टेबल अंडों के आयात पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने का निर्णय लिया है. यह निर्णय Saudi Food and Drug Authority (SFDA) की सिफारिश पर लागू किया गया है. हालांकि सऊदी प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि यह निर्णय स्थायी नहीं है.
एहतियात के तौर पर उठाया गया यह कदम
अधिकारियों का कहना है कि यह कदम एहतियात के तौर पर उठाया गया है और वैश्विक स्वास्थ्य स्थिति तथा महामारी संबंधी अपडेट के आधार पर समय-समय पर इसकी समीक्षा की जाएगी. भारतीय पोल्ट्री विशेषज्ञों का मानना है कि इस फैसले का भारत पर सीमित प्रभाव पड़ेगा. वजह यह है कि सऊदी अरब, भारत के कुल पोल्ट्री निर्यात में बड़ा हिस्सा नहीं रखता. इसलिए घरेलू बाजार या निर्यात उद्योग पर व्यापक असर की संभावना कम है.
निर्यातकों और किसानों को नुकसान
दूसरी ओर बांग्लादेश जैसे देशों के लिए यह फैसला चुनौतीपूर्ण साबित हो सकता है. बांग्लादेश की पोल्ट्री निर्यात इंडस्ट्री उभरती हुई है और सऊदी बाजार उसके लिए महत्वपूर्ण माना जाता है. पूर्ण प्रतिबंध से वहां के निर्यातकों और किसानों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ सकता है. वैश्विक स्वास्थ्य स्थिति में सुधार होने और जोखिम कम होने पर प्रतिबंधों की समीक्षा की जाएगी. फिलहाल सऊदी अरब ने खाद्य सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए यह सख्त कदम उठाया है.
प्रतिबंधित देशों में ये शामिल
प्रतिबंधित देशों में बांग्लादेश, अफगानिस्तान, अजरबैजान, जर्मनी, इंडोनेशिया, ईरान, बोस्निया और हर्जेगोविना, बुल्गारिया, ताइवान, जिबूती, साउथ अफ्रीका, चीन, इराक, घाना, फिलिस्तीन, वियतनाम, कंबोडिया, कज़ाकिस्तान, कैमरून, साउथ कोरिया, नॉर्थ कोरिया, लाओस, लीबिया, म्यांमार, यूनाइटेड किंगडम, मिस्र, मेक्सिको, मंगोलिया, नेपाल, नाइजर, नाइजीरिया, भारत, हांगकांग, जापान, बुर्किना, फासो, सूडान, सर्बिया, स्लोवेनिया, सी ते डी’आइवर, मोंटेनेग्रो शामिल हैं.
16 अन्य देशों के पर भी आंशिक प्रतिबंध
इसके अलावा 16 अन्य देशों के कुछ विशेष क्षेत्रों पर भी आंशिक प्रतिबंध लगाया गया है. कुछ देशों पर यह पाबंदी वर्ष 2004 से लागू बताई जा रही है, हालांकि उन देशों के नाम सार्वजनिक नहीं किए गए हैं.
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