US Iran War: पाकिस्तान के बॉर्डर से लगने वाले ईरान के दक्षिण-पूर्वी शहर मिर्जावेह में बड़े सुन्नी धर्मगुरू, मौलवी मोहम्मद अनवर रिगी की गोली मारकर हत्या कर दी गई. मौलवी अनवर इस शहर में हर शुक्रवार को होने वाली नमाज के इमाम थे. ईरानी मीडिया ने स्थानीय अधिकारियों के हवाले से यह खबर दी है. यह शहर सिस्तान-बलूचिस्तान प्रांत में है और पाकिस्तान बॉर्डर से सटा हुआ है.
बता दें कि सिस्तान-बलूचिस्तान प्रांत ईरान के सबसे गरीब प्रांतों में से एक है. जहां ईरान एक शिया बहुल देश है वहीं सिस्तान-बलूचिस्तान में सुन्नी बलूच आबादी बड़ी संख्या में रहती है. यह प्रांत लंबे समय से इस्लामी या जातीय उग्रवादियों और सुरक्षा बलों या तेहरान के समर्थक गुटों के बीच संघर्ष का गवाह रहा है. फिलहाल जांच की जा रही है. ऐसे में उन्होंने यहां के लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की है. उन्होंने कहा कि इस हमले का मकसद सुरक्षा को कमजोर करना और प्रांत में सांप्रदायिक मतभेद भड़काना है.
अमेरिका के साथ जंग में उलझा है ईरान
दरअसल, इन दिनों अमेरिका ईरान के बीच जंग चरम पर है. दोनो देशो में बढ़ती तल्खी के बीच ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने कहा कि अमेरिका के साथ युद्ध तब तक नहीं रुकेगा, जब तक हमें लड़ाई में मजबूत बढ़त नहीं मिल जाती. उन्होंने कहा कि “बातचीत भी तभी होनी चाहिए, जब ईरान ऐसी स्थिति में हो जहां उसे लगे कि हालात उसके पक्ष में हैं.”
अराघची ने कहा कि किसी भी युद्ध का अंत दो तरह से होता है. पहला, जब किसी एक पक्ष को सैन्य जीत मिल जाए. दूसरा, जब दोनों पक्ष बातचीत करके समझौते पर पहुंचें. लेकिन बातचीत तभी करनी चाहिए, जब संघर्ष में अपनी स्थिति मजबूत हो. जल्दबाजी में बातचीत करना सही नहीं होगा. साथ ही उन्होंने ईरान की सुरक्षा को भी अहम बताया. उन्होंने कहा कि लोगों की जान और देश के भविष्य को खतरे में नहीं डाला जा सकता. हर फैसला पूरी जानकारी और सही आकलन के बाद ही लिया जाना चाहिए.

