Patanjali Advertising Claim: सुप्रीम कोर्ट ने पतंजलि के विज्ञापन दावे पर जताई नाराजगी

Shivam
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Reporter The Printlines (Part of Bharat Express News Network)
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Patanjali Advertising Claim: साक्ष्य-आधारित दवा को बदनाम करने के लिए बाबा रामदेव और पतंजलि आयुर्वेद के खिलाफ कार्रवाई की मांग वाली इंडियन मेडिकल एसोसिएशन की याचिका पर सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने पतंजलि की दवा को लेकर जारी विज्ञापन में किए गए दावे पर नाराजगी जाहिर की है. जस्टिस अहसानुद्दीन अमानुल्लाह ने कहा, “मैं प्रिंटआउट और एनेक्चर भी लाया हूं.
हम आज बहुत सख्त आदेश पारित करने जा रहे हैं. आप कैसे कह सकते हैं कि आप ठीक कर देंगे? हमारी चेतावनी के बावजूद आप कह रहे हैं कि हमारी चीजें रसायन आधारित दवाओं से बेहतर हैं?” बेंच ने फिलहाल मामले को पासओवर कर दिया है. जस्टिस अमानुल्लाह ने कहा, हमारे आदेश के बाद भी आपमें यह विज्ञापन लाने का साहस है.
बता दें, बीते साल 21 नवंबर को भी इस मामले पर सुनवाई हुई थी. उस वक्त सुप्रीम कोर्ट ने आधुनिक चिकित्सा प्रणाली के खिलाफ भ्राम फैलाने वाले विज्ञापन के दावे को लेकर फटकार लगाई थी. भ्रामक विज्ञापन को लेकर इंडियन मेडिकल एसोसिएशन ने याचिका दायक की थी.
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अब 16 साल से कम उम्र के बच्चे नहीं चला पाएंगे सोशल मीडिया, ब्रिटेन सरकार का बड़ा फैसला

ब्रिटेन के प्रधानमंत्री कीर स्टार्मर ने 16 साल से कम उम्र के बच्चों के लिए सोशल मीडिया ऐप्स के इस्तेमाल पर प्रतिबंध लगाने का ऐलान किया है. सरकार का कहना है कि यह कदम बच्चों की सुरक्षा और मानसिक स्वास्थ्य को ध्यान में रखकर उठाया गया है.

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