जापान के Mount Fuji पर चढ़ाई के लिए तय की गई सीमाएं, जानें क्या हैं नए नियम

Raginee Rai
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Reporter The Printlines (Part of Bharat Express News Network)
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Tokyo, Mount Fuji: जापान की सबसे ऊंची और प्रमुख चोटी माउंट फूजी पर चढ़ने वालों के लिए अहम खबर है. दरअसल अब इस पर्वत पर चढ़ाई करने वाले लोगों को एक स्लाट की बुकिंग करानी होगी और इसके लिए उन्हें शुल्क भी देना होगा. माउंट फूजी पर्वत पर लगातार पर्वतारोहियों की बढ़ती संख्‍या को देखते हुए यह फैसला लिया गया है. पर्वतारोहियों के बढ़ने से वहां बहुत ज्‍यादा गंदगी फैल रही है. पर्वतारोहियों के वजह से सुरक्षा और संरक्षण संबंधी चिंताएं बढ़ गई हैं, जिसको देखते हुए नियम बनाए गए हैं. यह नए नियम, 3776 मीटर (लगभग 12,300 फीट) ऊंचे पर्वत के यामानाशी किनारे पर योशिदा मार्ग से जाने वाले पर्वतारोहियों के लिए बनाए गए है.

जानें क्‍या है नियम

मालूम हो कि, माउंट फूजी पर्वत पर एक जुलाई से 10 सितंबर तक पर्वतारोही चढ़ाई कर सकते हैं. सोमवार को यामानाशी प्रांत ने जापान के विदेशी प्रेस केंद्र के जरिए एक बयान में कहा कि नए नियम के तहत केवल 4 हजार पर्वतारोहियों को मार्ग में एंट्री मिलेगी. इसके लिए प्रतिदिन 2,000 येन (लगभग 18 अमेरिकी डॉलर) का शुल्क भुगतान करना होगा. चढ़ाई के लिए 3 हजार स्लॉट्स ऑनलाइन बुक किए जाएंगे, बाकी बचे एक हजार को चढ़ाई के दिन व्यक्तिगत रूप से बुक किया जा सकता है. चढ़ाई करने वाले माउंट फूजी क्लाइंबिंग वेबसाइट के जरिए अपने स्लॉट बुक कर सकते हैं.

बेहद खूबसूरत है माउंट फूजी

जापान की सबसे ऊंची चोटी के रूप में, फ़ूजी देश के तीन पवित्र पहाड़ों में से एक मानी जाती है. साथ ही यह दुनिया में सबसे अधिक फोटो खींचे जाने वाले पहाड़ों में से एक है. यह तीन ज्‍वालामुखियों कोमिताके, कोफूजी और शिन फूजी से मिलकर बना है. शिन फूजी ज्वालामुखी सबसे छोटा है. अपनी सुंदरता और शानदार दृश्यों के लिए माउंट फूजी पर्वत विश्‍व विख्‍यात है.

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