चंडीगढ़: चंडीगढ़ पुलिस की लॉरेंस बिश्नोई गैंग के दो शूटरों से मुठभेड़ हुई है. इस मुठभेड़ के दौरान लॉरेंस बिश्नोई गैंग के दोनों शूटरों को पुलिस की गोली लगी. इस दौरान पुलिस ने एक शूटर को गिरफ्तार कर लिया. ये वही शूटर्स हैं, जिन्होंने कुछ दिन पहले चंडीगढ़ के सेक्टर 32 केमिस्ट की शॉप पर फायरिंग की थी. इस घटना के बाद ये शूटर्स फरार चल रहे थे.
एक शूटर गिरफ्तार, दूसरा फरार
लॉरेंस बिश्नोई गैंग के दो शूटरों और चंडीगढ़ पुलिस के बीच चंडीगढ़ के सेक्टर 39 ग्रेन मंडी के पीछे मुठभेड़ हुई. जवाबी कार्रवाई में दोनों शूटर्स को पुलिस को गोली लगी. पुलिस ने एक शूटर को पकड़ लिया, जबकि दूसरा फरार हो गया.
इससे पहले 18 जनवरी को लॉरेंस बिश्नोई गैंग के एक शूटर को दिल्ली से गिरफ्तार किया गया था. गिरफ्तार आरोपी की पहचान 23 वर्षीय प्रदीप शर्मा उर्फ गोलू के रूप में हुई थी. वह मूल रूप से यूपी के आगरा का रहने वाला है, लेकिन दिल्ली के उत्तम नगर में छिपा हुआ था.
मार्च 2025 में लॉरेंस बिश्नोई गैंग ने राजस्थान के जवाहर नगर (गंगानगर) के एक व्यापारी से 4 करोड़ रुपये की रंगदारी मांगी थी। इस मामले में प्रदीप गोलू को फायरिंग का काम मिला था और उसने अपने साथियों के साथ मिलकर व्यापारी के घर पर गोलियां चलाईं थी। इस दौरान उसे जेल भी हुई, लेकिन जमानत पर बाहर आने के बाद भी प्रदीप ने अपराध का रास्ता नहीं छोड़ा और लॉरेंस बिश्नोई गैंग के अन्य सदस्यों को भारी मात्रा में अवैध हथियार और गोला-बारूद सप्लाई करने लगा.
मालूम हो कि लॉरेंस बिश्नोई गैंग में शूटरों की संख्या बहुत अधिक है। लॉरेंस बिश्नोई खुद जेल में बंद है और वहीं से अपने गैंग को ऑपरेट करता है. पंजाबी सिंगर सिद्धू मूसेवाला की हत्या में भी लॉरेंस का नाम सामने आया था. इसके बाद सलमान खान के करीबी बाबा सिद्दीकी की हत्या में भी लॉरेंस का नाम काफी चर्चा में रहा.

