US Iran War: मीडिल ईस्ट में जारी जंग के बीच अमेरिका और इजराइल ने दावा किया था कि उनके लगातार हमलों ने ईरान की मिसाइल ताकत को पंगु बना दिया है, लेकिन हाल ही में सामने आई एक रिपोर्ट के अनुसार कहानी कुछ अलग ही है. सामने आई नई सैटेलाइट तस्वीरों से पता चला है कि ईरान ने केवल बुलडोजर और डंप ट्रकों जैसी साधारण मशीनों की मदद से अपने कई भूमिगत (अंडरग्राउंड) मिसाइल ठिकानों को फिर से चालू कर लिया है.
विशेषज्ञों का कहना है कि केवल सुरंगों के मुहाने उड़ाकर ईरान की मिसाइल क्षमता खत्म नहीं की जा सकती. ऐसे में यदि दोबारा युद्ध शुरू होता है, तो ईरान के पास अब भी इतने मिसाइल मौजूद हैं कि वह लंबे समय तक हमले जारी रख सकता है.
ईरान जंग के सेकेंड राउंड के लिए तैयार?
रिपोर्ट के अनुसार विशेषज्ञों का मानना हैै कि ईरान जल्द ही इजरायल और मिडिल ईस्ट के दूसरे देशों पर पहले से कहीं ज्यादा लंबी दूरी की मिसाइलें दागने की स्थिति में पहुंच रहा है और इसकी वजह यह है कि उसने तेजी से अपने दबे हुए मिसाइल भंडारों को फिर से निकालना शुरू कर दिया है. दरअसल, अमेरिका और इजराइल के हमलों ने कई हफ्तों तक ईरान के अंडरग्राउंड मिसाइल ठिकानों तक पहुंच को सीमित कर दिया था. इसके लिए सड़कों को नष्ट किया गया और सुरंगों के प्रवेश द्वार (एंट्री गेट) मलबे में दबा दिए गए थे.
लेकिन अब सैटेलाइट तस्वीरों से पता चला है कि ईरान ने बुलडोजर और डंप ट्रकों जैसी साधारण मशीनों का इस्तेमाल करके अमेरिका और इजरायल के इस महंगे सैन्य अभियानों का जवाब दिया है. इससे यह साबित होता है कि केवल सुरंगों के गेट को निशाना बनाकर तेहरान की मिसाइल क्षमता को खत्म नहीं किया जा सकता. अगर दुश्मनी दोबारा शुरू होती है, तो ईरान के पास मिसाइल दागते रहने की क्षमता बनी रहेगी.
ईरान के पास अभी भी मिसाइलों का भंड़ार
बता दें कि युद्ध के दौरान ईरान ने भारी खतरे के बीच सुरंगों के एंट्री गेट को दोबारा खोदने का काम किया, जबकि अमेरिका और इजराइल लगातार खुदाई में इस्तेमाल होने वाले उपकरणों को निशाना बनाते थे. वहीं अब सीजफायर हुए सात सप्ताह से ज्यादा समय बीत चुका है और इस दौरान ईरान ने अपने ठिकानों की खुदाई और मरम्मत का काम काफी तेज कर दिया है.
सड़कें भी दोबारा बनकर तैयार
रिपोर्ट के मुताबिक, अमेरिका और इजराइल ने अपने हमलों में ईरान के 18 अंडरग्राउंड मिसाइल ठिकानों के 69 सुरंग प्रवेश द्वारों को निशाना बनाया था, जिसमे से 50 को ईरान अब फिर से खोल चुका है. ईरान ने ठिकानों के दूसरे हिस्सों की भी मरम्मत की है, जिनमें वे सड़कें भी शामिल हैं जिन्हें अमेरिका और इजराइल ने इसलिए बमबारी करके खराब कर दिया था ताकि मिसाइल लॉन्चर उनका इस्तेमाल न कर सकें. सैटेलाइट तस्वीरों से पता चला है कि इन बम गड्ढों में से लगभग सभी अब भर दिए गए हैं. दो जगहों पर तो सड़कों पर दोबारा पक्की परत भी बिछा दी गई है.

