पेट्रोल-डीजल की बढ़ती कीमतों से मिल सकती है बड़ी राहत, तेल के दामों में हो सकती है कुछ कटौती!

New Delhi: देशभर में बढ़ती पेट्रोल-डीजल की कीमतों ने ग्राहकों को गहरा झटका दिया है. इस बीच केंद्रीय पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने राहत भरी खबर दी है. उन्होंने कहा है कि आने वाले महीनों में फ्यूल के दाम कम होने की उम्मीद है. तेल की कीमतें लंबे समय तक ज्यादा नहीं रह सकती हैं. आने वाले महीनो में इनके कम होने की उम्मीद है.

मौजूदा स्तर पर रहने की संभावना

हरदीप पुरी ने स्पष्ट किया कि तेल की कीमतें लंबे समय तक मौजूदा स्तर पर रहने की संभावना नहीं और आने वाली महीनों में इसके रेट कम होने के आसार हैं. उनके इस बयान के बाद अनुमान लगाया जा रहा है कि आने वाले समय में तेल की कीमतों में कुछ कटौती हो सकती है. हालांकि, उन्होंने आगाह भी किया कि अगर खाड़ी क्षेत्र में माहौल और खराब होते रहे तो फिर हालात चिंताजनक हो सकते हैं.

पर्याप्त तेल और गैस का भंडार मौजूद

उन्होंने आगे कहा कि भारत के पास वर्तमान में 76 से 80 दिनों तक चलने के लिए पर्याप्त तेल और गैस का भंडार मौजूद है. उन्होंने यह भी कहा कि देश की उम्मीद है कि USA, कनाडा और Western Hemisphere के अन्य देश किसी भी आपूर्ति की कमी को पूरा करने में मदद करेंगे. इसके अलावा उन्होंने कहा कि मौजूदा वक्त में देश में घरेलू स्तर पर एलपीजी गैस की प्रोडक्शन बढ़ा दी गई है.

विपक्ष की आलोचनाओं पर पलटवार

बढ़ते दामों को लेकर विपक्ष द्वारा की जा रही आलोचनाओं पर पलटवार करते हुए मंत्री ने कहा कि दिल्ली जैसे शहरों में पेट्रोल की कीमत आज से चार साल पहले की तुलना में कम है. उन्होंने जोर दिया कि तेल की कीमतों में अंतर का मुख्य कारण राज्यों द्वारा लगाया जाने वाला अलग-अलग टैक्स है. पहले 32000 मेट्रिक टन प्रोडक्शन होता था, जो अब बढ़कर 54 हजार पहुंच गया है. इस साल से भारत अमेरिका से एलपीजी गैस खरीद रहा है. इसके अलावा और भी कई देश है, जहां से गैस को खरीदा जा रहा है.

इसे भी पढ़ें. TMC नेता जहांगीर खान उर्फ ‘पुष्पा’ को पांच दिन की पुलिस कस्टडी, नेपाल बॉर्डर से दबोचा था पुलिस ने

Latest News

चीनी सरकार ने जारी किया वैश्विक शासन पर श्वेत पत्र, कहा- मानवता के साझा हितों और कल्याण से जुड़ा विषय

China: चीनी राज्य परिषद सूचना कार्यालय ने वैश्विक शासन पर एक श्वेत पत्र जारी किया. "अधिक न्यायपूर्ण और समान...

More Articles Like This

Exit mobile version