NEET Re-Exam 2026: NEET-2026 परीक्षा का पेपर लीक होने के बाद 21 जून, रविवार को दोबारा आयोजित की जाएगी. इस परीक्षा में कुल 22 लाख छात्र हिस्सा लेने वाले हैं. पेपर लीक की घटना के बाद नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) इस बार किसी भी लापरवाही से बचने के लिए कड़े इंतज़ाम कर रही है. हालांकि, फूँक-फूंककर कदम रखने के बाद भी एनटीए ने एक बड़ा कारनामा किया है. एग्जाम से पहले एडमिट कार्ड जारी किए गए, जिसमें नागपुर के उम्मीदवार को दुबई के अबूधाबी में सेंटर मिला है. इस लापरवाही के बाद लोगों में आक्रोश भर गया है.
उम्मीदवार का साल बर्बाद हो सकता है
उम्मीदवार अब्दुल्ला के पिता डॉ. मोहम्मद तालिब ने इतनी बड़ी लापरवाही को लेकर सवाल उठाया है. उनका कहना है कि उनके बेटे ने 3 मई को हुई NEET-2026 परीक्षा नागपुर में दी थी. लेकिन री-एग्जाम के लिए सेंटर अबूधाबी कैसे दिया जा सकता है? इसके अलावा छात्र के पिता ने अपने बेटे के साल बर्बाद होने का भी सवाल उठाया है.
तुरंत NTA की हेल्पलाइन पर संपर्क किया NEET Re-Exam 2026
मीडिया से बातचीत करते हुए छात्र के पिता ने बताया कि 14 तारीख से लगातार एडमिट कार्ड डाउनलोड करने की कोशिश के बावजूद वह डाउनलोड नहीं हो रहा था.19 जून को एडमिट कार्ड डाउनलोड करने के बाद जब उन्होंने एग्ज़ाम सेंटर अबूधाबी देखा, तो तुरंत एनटीए की हेल्पलाइन पर संपर्क किया. एनटीए अधिकारियों के निर्देशानुसार एग्ज़ाम सेंटर बदलने के लिए ई-मेल भी भेजा गया.
अब्दुल्ला के पास फिलहाल पासपोर्ट भी नहीं है
अधिकारियों ने छात्र के पिता को आश्वासन दिया है कि 20 जून की शाम 4 बजे तक एग्जाम सेंटर बदलकर नागपुर कर दिया जाएगा. ऐसे में डॉ. तालिब को भरोसा है कि एनटीए अपने वादे को निभाएगा. सबसे हैरान कर देने वाली बात यह है कि छात्र के पास पासपोर्ट भी नहीं है. ऐसे में अगर NTA ने उसका एग्ज़ाम सेंटर नहीं बदला, तो वह एग्ज़ाम नहीं दे पाएगा और उसका एक साल बर्बाद हो जाएगा.
जानिए पूरा मामला
दरअसल, पेपर लीक की घटना के बाद 21 जून, रविवार को NEET की पुनर्परीक्षा आयोजित की जा रही. एनटीए ने उम्मीदवारों को एडमिट कार्ड जारी कर दिए हैं. नागपुर के छात्र अब्दुल्ला ने एग्ज़ाम सेंटर के लिए नागपुर, वर्धा या भंडारा का ऑप्शन चुना था. हालांकि, उससे एडमिट कार्ड में अबूधाबी का एग्ज़ाम सेंटर दे दिया गया.

