Canada Crime: कनाडा पुलिस ने एक गैंग के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है. भारतीय युवाओं के गैंग नेटवर्क में कथित तौर पर इस्तेमाल का मामला सामने आया है. कैलगरी पुलिस ने गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई से जुड़े नेटवर्क के खिलाफ कार्रवाई करते हुए 16 लोगों को अरेस्ट किया है. पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार आरोपियों पर कुल 56 आपराधिक मामले दर्ज हैं और इनमें कई गंभीर वारदातें शामिल हैं.
पुलिस ने कार्रवाई के दौरान 15 भारतीय आरोपियों की तस्वीरें भी जारी की हैं. जांच एजेंसियों का दावा है कि इनमें से कुछ युवक पंजाब से कनाडा पहुंचे थे और बाद में कथित तौर पर गैंग के लिए काम करने लगे. कैलगरी पुलिस के मुताबिक, आरोपी अलग-अलग तरीकों से कनाडा पहुंचे थे. इनमें कुछ के पास कथित तौर पर फर्जी दस्तावेज थे, जबकि कुछ वैध स्टडी वीजा या वर्क परमिट पर कनाडा आए थे.
क्या कहना है पुलिस का?
पुलिस का कहना है कि गैंग नेटवर्क ऐसे युवाओं को अपने स्थानीय ‘फुट सोल्जर्स’ के तौर पर इस्तेमाल कर रहा था. इनसे कथित तौर पर धमकी, वसूली और टारगेटेड शूटिंग जैसी आपराधिक गतिविधियां कराई जाती थीं. जांच में सामने आए पैटर्न के अनुसार, कनाडा में काम न मिलने या आर्थिक परेशानी से जूझ रहे कुछ युवाओं को गैंग से जुड़े लोगों ने कथित तौर पर आसान और तेज कमाई का लालच दिया. पुलिस के अनुसार, शुरुआत में युवाओं को छोटे-मोटे काम दिए जाते थे. इसके बदले उन्हें कुछ सौ से लेकर हजारों कनाडाई डॉलर तक मिलने का लालच दिया जाता था. धीरे-धीरे कुछ युवाओं को ज्यादा गंभीर आपराधिक गतिविधियों में इस्तेमाल किए जाने का आरोप है.
रिपोर्ट के अनुसार, गैंग नेटवर्क युवाओं तक पहुंचने के लिए सोशल मीडिया और पंजाबी कम्युनिटी से जुड़े संपर्कों का भी इस्तेमाल करता था. जांच एजेंसियों के मुताबिक, पहले युवाओं को छोटे गैरकानूनी काम दिए जाते थे. इसके बाद उनकी गतिविधियों और संपर्कों की जानकारी जुटाकर उन्हें आगे के कामों के लिए इस्तेमाल किया जाता था. कैलगरी पुलिस के अनुसार, अप्रैल 2025 से अब तक लॉरेंस नेटवर्क से जुड़ी 49 आपराधिक घटनाओं की जांच सामने आई है. इनमें धमकी, गोलीबारी और दूसरी आपराधिक गतिविधियां शामिल बताई गई हैं. पुलिस ने कार्रवाई के दौरान जिन 16 लोगों को गिरफ्तार किया है, उनके खिलाफ कुल 56 आपराधिक मामले दर्ज किए गए हैं.

