Power Demand Surge: तमिलनाडु में बिजली की खपत बढ़ी, सौर ऊर्जा ने संभाला लोड

Shivam
Reporter The Printlines (Part of Bharat Express News Network)

Power Demand Surge: तमिलनाडु में गर्मी के लगातार बढ़ते प्रभाव के साथ ही राज्य में बिजली की मांग तेजी से बढ़ती जा रही है. शहरी और ग्रामीण दोनों क्षेत्रों में तापमान में वृद्धि के कारण एयर कंडीशनर, कूलर, पंखे और अन्य शीतलन उपकरणों का उपयोग काफी बढ़ गया है, जिससे बिजली की खपत में तेज उछाल देखने को मिल रहा है. आमतौर पर गर्मियों के दौरान बिजली की मांग में वृद्धि स्वाभाविक होती है, लेकिन इस बार यह वृद्धि अपेक्षा से अधिक तेज रही है. इसके बावजूद राज्य में बिजली आपूर्ति अब तक स्थिर बनी हुई है, जिसका सबसे बड़ा कारण सौर ऊर्जा उत्पादन में आई उल्लेखनीय बढ़ोतरी है, जिसने बढ़ते लोड को संतुलित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है.

सौर ऊर्जा उत्पादन ने बनाए नए रिकॉर्ड

तमिलनाडु विद्युत वितरण निगम लिमिटेड के आंकड़ों के अनुसार, राज्य में सौर ऊर्जा उत्पादन ने हाल के दिनों में नए रिकॉर्ड बनाए हैं. 24 मार्च को सौर ऊर्जा की निकासी 54.8 मिलियन यूनिट तक पहुंच गई, जबकि 27 मार्च को यह और बढ़कर 55.6 मिलियन यूनिट हो गई. यह आंकड़े अगस्त 2025 में दर्ज 53.9 मिलियन यूनिट के पिछले रिकॉर्ड को पार कर चुके हैं, जिससे यह स्पष्ट संकेत मिलता है कि गर्मी के चरम से पहले ही नवीकरणीय ऊर्जा क्षेत्र में मजबूत वृद्धि दर्ज की जा रही है. इस बढ़ते उत्पादन ने न केवल राज्य की बिजली जरूरतों को पूरा करने में मदद की है, बल्कि ग्रिड पर पड़ने वाले अतिरिक्त दबाव को भी काफी हद तक कम किया है.

ऊर्जा मिश्रण में सौर ऊर्जा की बढ़ती हिस्सेदारी

राज्य के कुल ऊर्जा मिश्रण में सौर ऊर्जा की हिस्सेदारी भी लगातार बढ़ रही है. इन दिनों कुल बिजली खपत में लगभग 13 प्रतिशत योगदान सौर ऊर्जा का रहा है, जो इस बात को दर्शाता है कि पारंपरिक ऊर्जा स्रोतों के साथ-साथ अब नवीकरणीय ऊर्जा भी मजबूत स्तंभ के रूप में उभर रही है. विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले समय में यह प्रतिशत और बढ़ सकता है, खासकर तब जब राज्य में सौर ऊर्जा परियोजनाओं का विस्तार लगातार जारी है. यह बदलाव न केवल ऊर्जा सुरक्षा के लिहाज से महत्वपूर्ण है, बल्कि पर्यावरण संरक्षण और कार्बन उत्सर्जन में कमी लाने की दिशा में भी एक सकारात्मक संकेत है.

रिकॉर्ड स्तर पर पहुंची बिजली खपत

इसी बीच, राज्य में बिजली की खपत भी रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच चुकी है. हाल ही में कुल बिजली खपत 423.887 मिलियन यूनिट तक पहुंच गई, जो इस मौसम में अब तक का सबसे उच्च स्तर माना जा रहा है. तापमान में और वृद्धि की संभावना के चलते आने वाले दिनों में बिजली की मांग और बढ़ने का अनुमान है. ऐसे में सौर ऊर्जा की भूमिका और भी महत्वपूर्ण हो जाती है, क्योंकि यह दिन के समय सबसे अधिक उपलब्ध रहती है और पीक डिमांड के समय ग्रिड को स्थिर बनाए रखने में मदद करती है. प्रतिदिन लगभग 50 मिलियन यूनिट सौर ऊर्जा की उपलब्धता ने उपभोक्ताओं को बिना किसी बाधा के बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करने में महत्वपूर्ण योगदान दिया है.

सौर ऊर्जा उत्पादन में लगातार वृद्धि

केंद्रीय विद्युत प्राधिकरण के आंकड़ों से भी यह स्पष्ट होता है कि तमिलनाडु में सौर ऊर्जा उत्पादन लगातार बढ़ रहा है. इस वर्ष फरवरी महीने में राज्य ने 1,745.24 मिलियन यूनिट सौर ऊर्जा का उत्पादन किया, जो पिछले वर्ष की तुलना में अधिक है. यह वृद्धि बेहतर बुनियादी ढांचे, उन्नत तकनीक और अनुकूल जलवायु परिस्थितियों के कारण संभव हो पाई है. राज्य सरकार द्वारा नवीकरणीय ऊर्जा क्षेत्र में किए गए निवेश और योजनाओं का सकारात्मक असर अब साफ तौर पर दिखाई देने लगा है.

स्थापित क्षमता में तेज विस्तार

तमिलनाडु की सौर ऊर्जा स्थापित क्षमता में भी पिछले कुछ वर्षों में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है. मार्च 2022 में जहां यह क्षमता 5,303 मेगावाट थी, वहीं अब यह बढ़कर 12,352 मेगावाट तक पहुंच गई है. यह वृद्धि इस बात का प्रमाण है कि राज्य नवीकरणीय ऊर्जा के क्षेत्र में तेजी से आगे बढ़ रहा है और अपनी ऊर्जा जरूरतों को अधिक टिकाऊ और पर्यावरण अनुकूल स्रोतों से पूरा करने की दिशा में काम कर रहा है. इस विस्तार से न केवल वर्तमान मांग को पूरा करने में मदद मिल रही है, बल्कि भविष्य की ऊर्जा आवश्यकताओं के लिए भी मजबूत आधार तैयार हो रहा है.

चुनौती से अवसर की ओर बढ़ता तमिलनाडु

कुल मिलाकर, तमिलनाडु में बढ़ती गर्मी के बीच बिजली की मांग में आई तेज वृद्धि एक बड़ी चुनौती के रूप में सामने आई है, लेकिन सौर ऊर्जा उत्पादन में हुई वृद्धि ने इस चुनौती को अवसर में बदल दिया है. यदि इसी तरह नवीकरणीय ऊर्जा क्षेत्र में निवेश और विस्तार जारी रहता है, तो आने वाले समय में राज्य न केवल अपनी ऊर्जा जरूरतों को बेहतर तरीके से पूरा कर सकेगा, बल्कि देश के अन्य राज्यों के लिए भी एक उदाहरण बन सकता है.

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