पैरालंपिक का हिस्सा नहीं बनेंगे गोल्ड मेडलिस्ट प्रमोद भगत, 18 महीने के लिए हुए बैन

Raginee Rai
Reporter The Printlines (Part of Bharat Express News Network)

Pramod Bhagat: टोक्‍यो 2020 पैरालंपिक में स्‍वर्ण पदक विजेता प्रमोद भगत को 18 महीने के लिए बैन कर दिया गया है. बैडमिंटन वर्ल्ड फेडरेशन ने घोषणा की है कि भारत के पैरा बैडमिंटन खिलाड़ी प्रमोद भगत को डोपिंग रोधी नियमों के उल्‍लंघन के लिए बैन किया गया है. अब प्रमोद आगामी पेरिस पैरालंपिक 2024 का हिस्‍सा नहीं बन पाएंगे. बैडमिंटन वर्ल्ड फेडरेशन (BWF) उनको बड़ा झटका दिया है.

इस वजह से हुए बैन

बीडब्ल्यूएफ ने एक बयान जारी कर कहा कि बैडमिंटन विश्व महासंघ इसकी पुष्टि करता है कि भारत के टोक्यो 2020 पैरालंपिक चैम्पियन प्रमोद भगत को 18 महीने के लिए सस्‍पेंड किया गया है. वह पेरिस पैरालंपिक 2024 नहीं खेलेंगे. इसमें कहा गया कि एक मार्च 2024 को खेल पंचाट (CAS) डोपिंग निरोधक प्रभाग ने प्रमोद भगत को BWF के डोपिंग निरोधक नियम के उल्लंघन का दोषी पाया. वह 12 महीने में तीन बार अपना ठिकाना बताने में नाकाम रहे थे.

सीएएस में अपील हुई थी खारिज

भारतीय खिलाड़ी प्रमोद भगत ने कोर्ट ऑफ आर्बिट्रेशन फॉर स्पोर्ट्स के अपील विभाग में इस फैसले के खिलाफ अपील की थी, जिसे पिछले महीने खारिज कर दिया गया. बयान में कहा गया ,29 जुलाई 2024 को CAS के अपील विभाग ने प्रमोद की अपील खारिज कर दी और सीएएस के एंटी-डोपिंग डिवीजन के एक मार्च 2024 के फैसले की पुष्टि की. अब उनका निलंबन प्रभावी है. प्रमोद भगत पर एक सितंबर 2025 तक निलंबन लागू रहेगा.

भारत के लिए दुर्भाग्यपूर्ण

बिहार के प्रमोद भगत ने पिछले साल फरवरी में पांचवां विश्व चैम्पियनशिप खिताब अपने नाम कर चीन के लिन डैन की बराबरी की थी. भगत को बैन किए जाने को लेकर भारतीय पैरा बैडमिंटन के मुख्य कोच गौरव खन्ना ने कहा कि यह बेहद दुखद और दुर्भाग्यपूर्ण है. वह पेरिस पैरालंपिक में मेडल के उम्मीद थे लेकिन वह योद्धा है और मुझे भरोसा है कि वह मजबूती से वापसी करेंगे.

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