Europe Chip: चीन के एक्सपोर्ट कंट्रोल, अमेरिका पर टेक्नोलॉजी के लिए निर्भरता और यूरोप की घरेलू इंडस्ट्री की कमजोरियों की वजह से चिप सेक्टर का भविष्य "अंधकारमय" है. ये बात यूरोपीय संघ (EU) की एक रिपोर्ट में कही गई...
बढ़ती घरेलू मांग, बेहतर कीमतों और निर्यात में वृद्धि से भारत के मखाना बाजार को रफ्तार मिल रही है. सरकारी फैक्टशीट के मुताबिक 2029-30 तक बाजार 12 हजार करोड़ रुपये तक पहुंच सकता है.