Digital Rupee: आज जिस तरह से डिजिटल चीजों को अपनाया जा रहा है. उस हिसाब से आने वाला समय डिजिटल युग के नाम से जाना जाएगा. डिजिटल पेंमेट के बाद अब देश में डिजिटल रुपयों की चर्चा होनी शुरु...
बढ़ती घरेलू मांग, बेहतर कीमतों और निर्यात में वृद्धि से भारत के मखाना बाजार को रफ्तार मिल रही है. सरकारी फैक्टशीट के मुताबिक 2029-30 तक बाजार 12 हजार करोड़ रुपये तक पहुंच सकता है.