India Eliminates Extreme Poverty: भारत ने 2022-23 के लिए अपना आधिकारिक उपभोग व्यय डेटा जारी किया है, जो एक दशक से अधिक समय में देश के लिए पहला सर्वेक्षण-आधारित गरीबी अनुमान है. 2011-12 में किए गए पिछले आधिकारिक सर्वेक्षण...
बढ़ती घरेलू मांग, बेहतर कीमतों और निर्यात में वृद्धि से भारत के मखाना बाजार को रफ्तार मिल रही है. सरकारी फैक्टशीट के मुताबिक 2029-30 तक बाजार 12 हजार करोड़ रुपये तक पहुंच सकता है.