HSBC की नई रिपोर्ट के अनुसार भारत इस समय गोल्डीलॉक्स फेज में है, जहां विकास और महंगाई का संतुलन बना हुआ है. 2026 में ब्याज दरें आसान और सरकारी खर्च नियंत्रित रह सकता है.
भारत-अमेरिका व्यापार वार्ता के फिर से सक्रिय होने और GST 2.0 जैसे सुधारात्मक कदमों के बीच, देश में महंगाई के 2004 के बाद अपने ऐतिहासिक निचले स्तर पर पहुंचने की संभावना जताई जा रही है. स्टेट बैंक ऑफ इंडिया...
खुदरा महंगाई के बाद नवंबर में थोक भाव पर आधारित महंगाई से भी राहत मिली है. यह तीन माह के निचले स्तर पर आ गई है. मिनिस्ट्री ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री के बयान के अनुसार, होलसेल प्राइस इंडेक्स (WPI)...
रिपोर्ट के अनुसार, पाकिस्तान द्वारा डॉलर-पेग्ड स्टेबलकॉइन अपनाने की योजना से रुपया पर दबाव बढ़ सकता है और मौद्रिक स्थिरता प्रभावित हो सकती है. IMF और BIS ने भी जोखिमों की चेतावनी दी है.