China-Pakistan : वर्तमान समय में पाकिस्तान कर्ज के बोझ तले दबा हुआ है, लेकिन उसके ख्वाब बहुत बड़े हैं. मीडिया रिपोर्ट का कहना है कि पाकिस्तान चांद पर जाने की तैयारी कर रहा है, लेकिन इसके लिए भी उसे...
बढ़ती घरेलू मांग, बेहतर कीमतों और निर्यात में वृद्धि से भारत के मखाना बाजार को रफ्तार मिल रही है. सरकारी फैक्टशीट के मुताबिक 2029-30 तक बाजार 12 हजार करोड़ रुपये तक पहुंच सकता है.