कांग्रेस नेता और धर्मगुरु आचार्य प्रमोद कृष्णम ने नागपुर स्थित RSS मुख्यालय का दौरा किया, जहां उन्होंने संघ के वरिष्ठ नेता भैया जी जोशी से आत्मीय मुलाकात की् इस प्रेरणादायी भेंट को आचार्य ने “अविस्मरणीय क्षण” बताया.
मां छिन्नमस्ता को दस महाविद्याओं में छठी महाविद्या माना जाता है. जानिए उन्होंने अपना ही शीश क्यों काटा, डाकिनी-शाकिनी से जुड़ी पौराणिक कथा और उनके इस दिव्य स्वरूप का आध्यात्मिक महत्व.