UP Tourism: पर्यटकों को चंदौली में मिलेगा पर्यटन का नया डेस्टिनेशन, एडवेंचर गेम और रॉक क्लाइम्बिंग का ले पाएंगे मजा

UP Tourism News: उत्तर प्रदेश आने वाले पर्यटकों के लिए वाराणसी पहली पसंद है. अब जल्द ही वाराणसी के पड़ोस का जिला चंदौली भी पर्यटन का नया डेस्टिनेशन बनने जा रहा है. राज्य की योगी सरकार की महत्वकांक्षी योजना है कि चंदौली को टूरिस्ट स्पॉट के तौर पर डेवलप किया जाए. वाराणसी की सीमा से सटे जिला चंदौली में औरवाटाड़ प्राकृतिक वाटर फाल, दुर्लभ प्रागैतिहासिक शैल चित्र प्राकृतिक सौंदर्य और अन्य कई चीजें मौजूद है. दरअसल, औरवाटाड़ का प्राकृतिक सौंदर्य 2 करोड़ की लागत से निखारा जा रहा है. यहां ईको टूरिज्म स्पॉट दिसंबर तक बनकर तैयार होना प्रस्तावित है.

ईको टूरिज्म को बढ़ावा
बता दें कि धान का कटोरा कहा जाने वाला चंदौली अपने प्राकृतिक सौंदर्य के लिए भी जाना जाता है. पर्यटन विभाग के डिप्टी डायरेक्टर राजेंद्र कुमार रावत ने जानकारी देते हुए कहा, “चंदौली में प्राकृतिक सौंदर्य के कई ख़ूबसूरत स्थल हैं, जो पर्यटन की दृष्टि से काफी महत्वपूर्ण हैं. औरवाटाड़ को ईको टूरिज्म के रूप में विकसित किया जा रहा, जो दिसंबर तक पर्यटकों के लिए तैयार हो जाएगा.”

स्थानीय पत्थरों को भव्य रूप देने की तैयारी
उन्होंने कहा, “औरवाटाड़ तीन तरफ से प्राकृतिक वादियों से घिरा है, जो प्राकृतिक रूप से ऊंचाई से गिरने वाले वाटर फाल है. इसके अलावा यहां आस पास दुर्लभ प्रागैतिहासिक शैल चित्र हैं. स्थानीय मटेरियल और तकनीक का प्रयोग करके प्रशासनिक भवन, स्थानीय पत्थरों से भव्य औरवाटाड़ प्रवेश द्वार का निर्माण, उत्पादों की बिक्री के लिए बांस से बनी दुकानें, प्राकृतिक लकड़ी से वुड रेलिंग, पार्किंग, क्षेत्र की पूरी जानकारी के साथ साइनेज, सैंड स्टोन से बने बेंच और क्षेत्र की खूबसूरती बढ़ाने के लिए लैंडस्केपिंग की जाएगी.”

एडवेंचर गेम और रॉक क्लाइम्बिंग का ले पाएंगे आनंद
गौरतलब है कि प्रकृतिक सौंदर्य को देखने के साथ ही क्षेत्र में आने वाले पर्यटक एडवेंचर गेम, रॉक क्लाइम्बिंग, ज़िप लाइन, लो रोप कोर्स, कमांडो नेट वाल, टायर वाल क्लाइम्बिंग का आनंनद ले पाएंगे. साथ ही मचान से खड़े होकर 360 डिग्री प्राकृतिक सौंदर्य का आनंद लेने के साथ ही नेचर फोटोग्राफी की जा सकती है.

स्थानीय लोगों को मिलेगा रोजगार का अवसर
आपको बता दें कि चंदौली को पर्यटन दृष्टि से विकसित होने के बाद स्थानीय लोगों को काफी फायदा होने जा रहा है. यहां पर आने वाले पर्यटक स्थानीय व्यंजन, लोक संगीत व नृत्य का आनंद ले सकेंगे और स्थानीय उत्पाद की खरीदारी कर सकेंगे. साथ ही यहां पर गिरते हुए झरनों के लय पर चिड़ियों के गुनगुनाने की आवाज, वादियों में खिले फूलों की सुगंध व नज़ारे सहित जंगल के ईको सिस्टम को समझ सकेंगे.

आने वाले समय में वाराणसी समेत पूर्वांचल के लोगों के लिए चंदौली हिल स्टेशन जैसा प्राकृतिक सौंदर्य वाला पर्यटन स्थल बनने जा रहा है. इससे पर्यटन उद्योग को बढ़ावा मिलेगा, साथ में स्थानीय लोगों के लिए रोजगार के नए दरवाजे खुलेंगे. योगी सरकार ईको टूरिज्म के विकास के लिए अनछुए पर्यटन स्थलों को खोज कर विकसित करने में जुटी है.

Latest News

Swapna Shastra: सपने में झाड़ू देखना शुभ या अशुभ? धन लाभ से धोखे तक मिलते हैं ये संकेत

Sapne Me Jhadu Dekhna: स्वप्न शास्त्र में झाड़ू से जुड़े अलग-अलग सपनों के विशेष अर्थ बताए गए हैं. जानें खुद झाड़ू लगाने, टूटी झाड़ू देखने, मंदिर में सफाई करने और झाड़ू चोरी होने का क्या संकेत माना जाता है.

More Articles Like This

Exit mobile version