ईरान का कुवैत एयरपोर्ट पर ड्रोन हमला, ईंधन भंडारण में लगी भीषण आग, अब तक का तीसरा अटैक

Iran Israel War: ईरान ने कुवैत के ईंधन टैंकों को निशाना बनाते हुए बुधवार को बड़ा हमला किया. ड्रोन से कुवैत अंतर्राष्ट्रीय एयरपोर्ट पर अटैक किया, जिसके बाद एयरपोर्ट के ईंधन भंडारण क्षेत्र में भीषण आग लग गई. राहत की बात यह रही कि इस हमले में किसी की जान नहीं गई. फायर ब्रिगेड और इमरजेंसी टीमों ने तुरंत मौके पर पहुंचकर आग पर काबू पाने की कोशिश शुरू की और हालात को नियंत्रण में लाया.

हमला होने के बाद तेजी से फैल गई आग

इस घटना ने पूरे खाड़ी क्षेत्र में चिंता बढ़ा दी है. कुवैत की नागरिक उड्डयन प्राधिकरण के अनुसार, ड्रोन सीधे ईंधन टैंकों को निशाना बनाकर भेजे गए थे. ये टैंक Kuwait Aviation Fuel Company के थे, जहां हमला होने के बाद आग तेजी से फैल गई. अधिकारियों ने इस हमले के लिए ईरान समर्थित समूहों को जिम्मेदार ठहराया है. इसे “खुला हमला” बताते हुए कहा गया कि यह क्षेत्रीय सुरक्षा के लिए गंभीर खतरा है.

एयरपोर्ट संचालन पर पड़ सकता है असर

प्रारंभिक रिपोर्ट्स के मुताबिक, नुकसान केवल संपत्ति तक सीमित रहा है, लेकिन इसका असर एयरपोर्ट संचालन और ईंधन आपूर्ति पर पड़ सकता है. रिपोर्ट्स के मुताबिक, मार्च 2026 के अंतिम सप्ताह में विशेषकर 25, 28 मार्च और 1 अप्रैल को कुवैत इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर कई ड्रोन हमले हुए. इन हमलों में ईंधन टैंकों और रडार सिस्टम को निशाना बनाया गया, जिससे भीषण आग लगी और हवाई यातायात बाधित हुआ. हालांकि किसी के हताहत होने की खबर नहीं है, लेकिन सरकारी संपत्ति को भारी नुकसान पहुँचा है.

और खतरनाक होता जा रहा है संघर्ष

यह हमला ऐसे समय हुआ है जब ईरान और United States के बीच तनाव पहले से ही चरम पर है. कुवैत एयरपोर्ट पर हुआ यह ड्रोन हमला दिखाता है कि मिडिल ईस्ट का संघर्ष अब और व्यापक और खतरनाक होता जा रहा है. अगर ऐसे हमले जारी रहे, तो यह क्षेत्रीय युद्ध को और भड़का सकता है और वैश्विक अर्थव्यवस्था पर बड़ा असर डाल सकता है.

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