चौंकाने वाले आंकड़ें: 3 सालों में 1,900 भारतीयों ने विदेश में की आत्महत्या, UAE में सर्वाधिक 511 मामले

New Delhi: पिछले तीन सालों में खाड़ी देशों में 1,340 भारतीय नागरिकों ने आत्महत्या की. इनमें से 511 मामले संयुक्त अरब अमीरात (UAE) में सामने आए. इसके बाद सऊदी अरब (354), कुवैत (162), ओमान (146), बहरीन (101) और कतर (66) का स्थान रहा. अभी लगभग एक करोड़ भारतीय नागरिक और भारतीय मूल के लोग खाड़ी देशों में रह रहे हैं. ये आंकड़ें संसद में विदेश मंत्रालय (MEA) ने पेश किया है.

लोकसभा में ये आंकड़े बताए

विदेश राज्य मंत्री कीर्ति वर्धन सिंह ने संसद के मौजूदा सत्र में लोकसभा में ये आंकड़े बताए. उन्होंने कांग्रेस सांसद सतपाल ब्रह्मचारी और जय प्रकाश के उस सवाल का जवाब दिया जिसमें विदेश में भारतीय नागरिकों की मौत की समीक्षा के बारे में पूछा गया था. मंत्रालय की रिपोर्ट के मुताबिक, 2023 से 2025 के बीच विदेश में रहने वाले 1,900 से ज़्यादा भारतीयों ने आत्महत्या की. इनमें से 70 प्रतिशत से ज़्यादा मामले GCC (गल्फ कोऑपरेशन काउंसिल) देशों में हुए.

हर देश में 30 से ज़्यादा मामले

इसके बाद मलेशिया (131) और अमेरिका (62) का नंबर आता है, जबकि इटली, कनाडा और यूनाइटेड किंगडम में इन तीन सालों में हर देश में 30 से ज़्यादा मामले सामने आए. पहले जारी किए गए आंकड़ों की तुलना में विदेश में रहने वाले भारतीय नागरिकों के बीच आत्महत्या की औसत दर बढ़ी हुई लगती है. विदेश मंत्रालय (MEA) ने 2022 में बताया था कि 2014 से 2022 के बीच ऐसी 4,005 मौतें हुईं.

बढ़ोतरी के लिए कोई खास वजह नहीं

हालांकि इस बढ़ोतरी के लिए कोई खास वजह नहीं बताई गई, लेकिन मंत्री ने कहा कि सरकार ने विदेशों में काम करने वाले भारतीय कर्मचारियों की भलाई और सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए कई उपाय और कदम उठाए हैं, जैसे कि प्रवासी भारतीय बीमा योजना (PBBY). सरकार के हालिया आंकड़ों से यह भी पता चला है कि भारतीय नागरिकों की मौत प्राकृतिक कारणों, कार्यस्थल पर दुर्घटनाओं, आत्महत्या, अपराध और अन्य कारणों से हुई है.

मौत का मुख्य कारण प्राकृतिक कारण

MEA के 2023-25 ​​के आंकड़ों से पता चलता है कि खाड़ी सहयोग परिषद (GCC) देशों में भारतीयों की मौत का मुख्य कारण प्राकृतिक कारण रहे हैं. सऊदी अरब में ऐसी 6,376 मौतें दर्ज की गईं. इसके बाद UAE में 5,702, कुवैत में 1,672, ओमान में 1,092, कतर में 783 और बहरीन में 703 मौतें हुईं.

इसे भी पढ़ें. PM मोदी का GenZ वीडियो फेसबुक से गायब, META ने बताई वजह, मांगी माफी

Latest News

नांदेड़ डिवीजन में 163 करोड़ रुपए की इलेक्ट्रिक ट्रैक्शन अपग्रेड परियोजना को भारतीय रेलवे ने दी मंजूरी

Indian Railways News: भारतीय रेलवे अपने नेटवर्क को अधिक तेज, आधुनिक और क्षमता संपन्न बनाने की दिशा में लगातार...

More Articles Like This

Exit mobile version