North Korea News: नॉर्थ कोरिया के शासक किम जोंग उन अपनी सख्त नीतियों और रवैये के लिए जाने जाते हैं, ऐसे में ही उन्होंने अब अपने ही उप-प्रधानमंत्री को बर्खास्त कर दिया है. दरअसल, किम जोंग उन एक फैक्ट्री प्रोजेक्ट के समारोह पर पहुंचे थे, जहां उन्हें कुछ गलतियां नजर आईं. इसके बाद वो इतना भड़के कि उन्होंने उप-प्रधानमंत्री यांग सुंग हो को मौके पर ही बर्खास्त कर दिया.
उन्होंने कहा कि कुछ अधिकारियों की गलतियों की वजह से आर्थिक नुकसान हुआ. वो पूरे देश के उद्योग की चीजें आसान करने और तकनीकी पुनर्निर्माण के लिए तैयार नहीं थे. बता दें उत्तर कोरिया पहले से ही कई चुनौतियों का सामना कर रहा है और ऐसे में देश में और नुकसान होना, किम जोंग के गुस्से का मुख्य वजह बना.
अयोग्य अधिकारियों के वजह से ही पैदा हुई अर्टिफिशियल अव्यवस्था
नॉर्थ कोरिया के मीडिया के मुताबिक, किम जोंग उन ने रेंसन मशीन-बिल्डिंग एसोसिएशन के पुनर्निर्माण और आधुनिकीकरण के पहले फेज के पूरा होने के मौके पर आयोजित एक समारोह में उप-प्रधानमंत्री यांग सिउंग-हो को पद से हटा दिया. इस दौरान उन्होंने कहा कि आधुनिकीकरण के पहले फेज में गैर-जिम्मेदार, बदतमीज और अयोग्य अधिकारियों की वजह से अनावश्यक अर्टिफिशियल अव्यवस्था पैदा हुई, जिससे मुश्किलें बढ़ीं और भारी आर्थिक नुकसान हुआ.
उप-प्रधानमंत्री को लगाई फटकार
किम ने कहा कि कुछ अधिकारी पूरे देश के उद्योग की चीजें आसान करने और तकनीकी पुनर्निर्माण के लिए तैयार नहीं थे. किम ने समारोह के दौरान उप-प्रधानमंत्री पर तीखा हमला बोला. उन्होंने यांग को लेकर कहा, उनमें भारी जिम्मेदारियां सौंपने लायक योग्यता नहीं थी. सीधे शब्दों में कहें तो यह ऐसा था जैसे गाड़ी को बकरी से जुता गया हो- यह हमारे कैडर नियुक्ति प्रक्रिया में हुई एक गलती थी. किम ने आगे कहा, आखिरकार गाड़ी बैल खींचता है, बकरी नहीं.
अर्थव्यवस्था को लेकर सख्त
इसके अलावा, अपने हथियार कार्यक्रमों को लेकर नार्थ कोरिया कई तरह के प्रतिबंधों का सामना करना पड़ रहा है. इसके चलते वो लंबे समय से कमजोर राज्य-नियंत्रित अर्थव्यवस्था और लगातार खाद्य संकट से जूझ रहा है. यही कारण है कि किम जोंग आर्थिक नीतियों को लेकर सख्त रहते हैं. गरीबी से जूझ रहा उत्तर कोरिया लंबे समय से अपने लोगों की जरूरतों को पूरा करने के बजाय सेना और प्रतिबंधित परमाणु हथियार कार्यक्रमों को प्राथमिकता देता आया है.
देश के भविष्य की मजबूत गारंटी
हालांकि, किम ने यह भी कहा कि उप-प्रधानमंत्री की कोई पार्टी-विरोधी गतिविधि नहीं थी, बल्कि यह एक प्रशासनिक गलती थी. किम जोंग ने कहा कि आज के नार्थ कोरिया में, जो समृद्धि और विकास और विकास की ओर बढ़ रहा है. ऐसे में कर्मियों की जरूरत है, जिनके काम देश के उज्जवल भविष्य को करीब लाए.
उन्होंने वरिष्ठ अधिकारियों से पार्टी की आधुनिकीकरण नीति की जरूरतों को फिर से समझने और स्पष्ट योजना और वैज्ञानिक तरीकों के आधार पर एक आधुनिक और एडवांस अर्थव्यवस्था बनाने के लिए कहा. जो देश के भविष्य की मजबूत गारंटी दे सके.
मानव संसाधन मजबूत करने की जरूरत
कोरिया के तानाशाह ने कहा कि मौजूदा दौर में, जब राष्ट्रीय अर्थव्यवस्था स्थिर विकास की राह पर है और क्षेत्रीय विकास की नीति तेजी से आगे बढ़ रही है, मशीनरी की मांग बढ़ रही है. इसके लिए लगातार वैज्ञानिक और तकनीकी रिसर्च करने और मानव संसाधन को मजबूत करने की जरूरत है.
नॉर्थ कोरिया में आर्थिक संकट
कोविड-19 महामारी के दौरान नॉर्थ कोरिया की अर्थव्यवस्था को भारी झटका लगा था. साउथ कोरिया के केंद्रीय बैंक के मुताबिक, 2024 में नॉर्थ कोरिया की अर्थव्यवस्था 3.7 प्रतिशत बढ़ी. हालांकि, कई विशेषज्ञों का मानना है कि देश के लिए तेज और बड़े पैमाने पर आर्थिक विकास हासिल करना मुश्किल होगा. इसके वजह से नॉर्थ कोरिया हथियारों पर काफी ज्यादा खर्च करता है. साथ ही उस पर अंतरराष्ट्रीय प्रतिबंध लगातार बने हुए हैं.
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