Pakistan army mosque attack : PoK में सुरक्षा के नाम पर तैनात मुनीर की फौज अब जनता की भक्षक बन कर घूम रही है. ‘फेल्ड मार्शल’ आसिम मुनीर के भेजे हुए फौजी आतंकवादियों की तरह निहत्थे नागरिकों का नरसंहार कर रहे हैं, यहां तक कि उन्होंने इन्होंने मस्जिद तक को नहीं छोड़ा है. उन्होंने अल्लाह के घर पर अटैक किया और फिर अंदर ईमाम के साथ जो किया उसे सुनने वालों की रूह कांप गई.
आसिम मुनीर के भेजे हुए हैवानों ने मस्जिद में बहाये खून
बता दें कि PoK में आसिम मुनीर इंटरनेट बंद करके हैवानियत को अंजाम दे रहे हैं. सुरक्षा बलों के नाम पर भेजे गए मुनीर के हैवान नागरिकों और प्रदर्शनकारियों की आवाज दबाने के लिए 24 घंटे कत्लेआम कर रहे हैं. सड़कों और गलियों पर खून पानी की तरह बह रहा है. इसी बीच खबर है कि इन हैवानों ने मस्जिद को भी नहीं छोड़ा है. पाकिस्तानी सिक्योरिटी फोर्सेस के हथियारों से लैस हैवानों ने अल्लाह के घर पर अटैक कर दिया है.
इमाम की पीट पीटकर हत्या
दरअसल, भिंबर जिले के एक स्थानीय इमाम ने बताया है कि एक मस्जिद के अंदर पाकिस्तानी सुरक्षा बल दाखिल हुआ और उस पर कब्जा कर लिया है. साथ ही, मीरपुर शहर में भी पाकिस्तानी सेना के हैवानों ने इससे भी भयानक हरकत की है. ये लोग हथियारों के बल पर मस्जिद में घुसे, मस्जिद के अंदर हिंसा रोकने के लिए एक इमाम ने खुद को दीवार बना दिया, जिसके बाद मुनीर आर्मी के गुंडों ने उसे पीटना शुरू कर दिया. मस्जिद के परिसर में सुरक्षा बलों की जबरन एंट्री का विरोध किया, तो इमाम को पीट-पीट कर दर्दनाक मौत हो गई.
PoK कम्युनिकेशन ठप और इंटरनेट ब्लैकआउट
इन दोनों घटनाओ के बाद एक बार फिर से PoK के लोगों का गुस्सा बढ़ गया है. जम्मू कश्मीर जॉइंट अवामी एक्शन कमेटी (JKJAAC) का कहना है कि पाकिस्तानी प्रशासन आम नागरिकों और प्रदर्शनकारियों की आवाज दबाने के लिए लगातार हिंसक कार्रवाई कर रहा है. ब्लैकआउट की वजह से स्थानीय लोगों का बाहरी दुनिया से संपर्क पूरी तरह टूट चुका है लेकिन अपने हक के लड़ाई जारी रहेगी.
ऐसे में मीरपुर डिवीजन में प्रशासन ने पाबंदियों को और ज्यादा कड़ा कर दिया है. पूरे इलाके में इंटरनेट सेवाएं पूरी तरह बंद कर दी गई हैं, जिससे आम लोगों की जिंदगी पूरी तरह पटरी से उतर गई है. लोग अपने रिश्तेदारों का हाल-चाल नहीं ले पा रहे हैं और न ही किसी तरह की इमरजेंसी में मदद जुटा पा रहे हैं.

