Pakistan: कंगाल पाकिस्तान की चमक सकती है किस्मत! पड़ोसी मुल्क के हाथ लगा बड़ा ‘खजाना’

Aarti Kushwaha
Reporter The Printlines (Part of Bharat Express News Network)

Pakistan: आर्थिक बदहाली से जूझ रहे पाकिस्तान की जल्‍द ही किस्‍मत बदलने वाली है. दरअसल, कंगाल पाकिस्‍तान की समुद्री सीमा में पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस का एक बड़ा भंडार मिला है. बताया जा रहा है कि यह भंडार इतना बड़ा है कि इसका दोहन देश की किस्मत बदल सकता है.

पाकिस्‍तान के एक वरिष्ठ सुरक्षा अधिकारी के हवाले से बताया कि तेल और गैस भंडार की उपस्थिति को सत्यापित करने के लिए एक मित्र देश के सहयोग से तीन साल का सर्वेक्षण किया गया था. इन भौगोलिक सर्वेक्षणों को माध्‍यम से ही पाकिस्तान ने भंडार के स्थान की पहचान की है, जिसके बाद संबंधित विभागों ने सरकार को पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस के भंडार मिलने की जानकारी दी है.

तेल निकालने में लगेंगे कई साल

हालांकि, अधिकारियों ने बताया कि कुएं खोदने और वास्तव में तेल निकालने के काम में अभी कुछ साल का समय लग सकता है. वहीं, इस भंडार देश की ऊर्जा जरूरतों को पूरा करने के लिए पर्याप्त होने के सवाल पर अधिकारी ने कहा कि ये तो उत्पादन के आकार और पुनर्प्राप्ति दर पर निर्भर करता है. अगर यह गैस भंडार है, तो यह एलएनजी आयात का स्थान ले सकता है और यदि यह तेल भंडार है, तो हम आयातित तेल का स्थान ले सकते हैं.”

तेल निकालने के लिए निवेश की जरूरत

उन्‍होंने कहा कि जब तक भंडार के संभावनाओं का विश्‍लेषण नहीं किया जाता है और ड्रिलिंग की प्रक्रिया शुरू नहीं होती है, तब तक यह एक ‘इच्छाधारी सोच’ है. अधिकारी ने बताया कि अकेले अन्वेषण के लिए लगभग 5 बिलियन अमेरिकी डॉलर के भारी निवेश की आवश्यकता है. वहीं, किसी अपतटीय स्थान से भंडार निकालने में चार से पांच साल का वक्‍त लग सकता है.

उन्होंने कहा कि अगर अन्वेषण के परिणामस्वरूप भंडार की खोज होती है, तो भंडार निकालने और ईंधन का उत्पादन करने के लिए कुओं और बुनियादी ढांचे को तैयार करने के लिए और निवेश की आवश्यकता होगी.

इसे भी पढें:-कश्मीर में चुनाव से पहले पाकिस्तान की नापाक हरकत, 57 मुस्लिम देशों के सामने भारत के खिलाफ उगला जहर

Latest News

NATO समिट के लिए तुर्की जा रहे डोनाल्ड ट्रंप, F110 फाइटर जेट इंजन हासिल करने पर एर्दोगन की नजर, क्या बनेगी बात?

NATO Summit: अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप अगले हफ्ते नाटो समिट में हिस्सा लेने के लिए तुर्की जा रहे...

More Articles Like This

Exit mobile version