यूक्रेनी ड्रोन हमलों के बाद रूस का बड़ा फैसला, डीजल और पेट्रोल के निर्यात पर लगाया आंशिक प्रतिबंध

Aarti Kushwaha
Reporter The Printlines (Part of Bharat Express News Network)

Russia Ukraine War: रूस यूक्रेन जंग छिड़े हुए लगभग तीन साल होने को है, लेकिन अभी तक इसके रूकने की कोई संभावना नजर नहीं आ रही है. ऐसे में ही अब यूक्रनी हमलों के कारण रूस की रिफाइनिंग क्षमता में भारी गिरावट आई है. हाल ही में यह गिरावट तेल शोधन के पांचवें हिस्‍से तक पहुंच गया है, जिससे रूस के प्रमुख बंदरगाहों से ईंधन का निर्यात भी प्रभावित हुआ है. ऐसे में अब रूस डीजल और पेट्रोल के निर्यात पर आंशिक प्रतिबंध लगाने की घोषणा की है, जो साल के अंत तक लागू रहेगा.

रूस कम उप प्रधानमंत्री अलेक्जेंडर नोवाक ने गुरुवार को यह घोषणा करते हुए कहा कि हम पेट्रोल निर्यात पर प्रतिबंध को साल के अंत तक बढ़ाएंगे और डीजल ईंधन के गैर-उत्पादकों के लिए निर्यात पर भी प्रतिबंध लगाया जाएगा. इससे घरेलू बाजार में पेट्रोलियम उत्पादों की आपूर्ति बढ़ेगी. साथ ही उन्होंने ये भी बताया कि देश में तेल उत्पादों की थोड़ी कमी है, लेकिन मौजूदा भंडार से मांग पूरी नहीं की जा सकती है.

नया प्रतिबंध बिचौलियों पर लागू होता है, न कि उत्पादकों पर 

इस बीच रूस के नियंत्र वाले क्रीमिया के प्रमुख सर्गेई अक्स्योनोव का कहना है कि रिफाइनरियों के बंद होने की वजह से ईंधन की आपूर्ति में बाधा आ रही है. वहीं, रिपोर्ट के अनुसार, डीजल निर्यात पर लगा नया प्रतिबंध मुख्य रूप से बिचौलियों पर लागू होता है, न कि उत्पादकों पर.  लेकिन रूस से डीजल का बड़ा हिस्सा सीधे उत्पादकों द्वारा उत्तरी और दक्षिण पाइपलाइनों के जरिये बाल्टिक और काला सागर के बंदरगाहों तक पहुंचाया जाता है.

86 मिलियन मीट्रिक टन डीजल का उत्पादन

बता दें कि रूस ने 2024 में लगभग 86 मिलियन मीट्रिक टन डीजल का उत्पादन किया, जिसमें से करीब 31 मिलियन टन का निर्यात हुआ. इस दौरान समुद्री मार्ग से डीजल निर्यात करने वाले देशों में रूस और अमेरिका शीर्ष पर रहे हैं. वहीं, पेट्रोल के निर्यात पर लगा प्रतिबंध उत्पादकों और बिचौलियों दोनों पर लागू होगा. हालांकि, यह प्रतिबंध अन्य देशों के साथ रूस के अंतर-सरकारी समझौतों पर लागू नहीं होगा.

रूस में तेजी से बढ़ रही ईंधन की कमी

वहीं, रूस में इस समय ईंधन की कमी तेजी से बढ़ रही है. ऐसे में देश की दूसरी सबसे बड़ी तेल कंपनी लुकोइल ने मॉस्को के कुछ पेट्रोल पंपों पर जैरी कैन (डिब्बे) में पेट्रोल बेचने पर रोक लगा दी है. यह घटनाक्रम ऐसे समय में हुआ है, जब अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप रूसी तेल की खरीद पर आपत्ति जता रहे हैं.

इसे भी पढें:-Trump ने चीन के साथ Tik Tok वाली डील पर किया हस्‍ताक्षर, कहा-‘मैं शी जिनपिंग का सम्मान करता हूं…’  

Latest News

Delhi में 5 अप्रैल को सोल्जराथन का होगा भव्य आयोजन, CMD उपेंद्र राय और जनरल वी.के. सिंह करेंगे फ्लैग ऑफ, Bharat Express पर होगा...

Soldierathon Delhi 2026: राजधानी दिल्ली एक बार फिर देशभक्ति, फिटनेस और सामाजिक संवेदना के अद्भुत संगम की साक्षी बनने...

More Articles Like This

Exit mobile version