Russia Ukraine War : काफी लंबे समय से रूस और यूक्रेन के बीच जंग जारी है इसी बीच राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की ने बड़ा कदम उठाया है. प्राप्त जानकारी के अनुसार राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की ने यूक्रेन के मिलिट्री इंटेलिजेंस के प्रमुख जनरल किरिलो बुडानोव को अपना नया चीफ ऑफ स्टाफ चुना है. प्राप्त जानकारी के अनुसार बुडानोव ने एंड्री यरमक की जगह ली है. इतना ही नही बल्कि यरमक को जेलेंस्की का दाहिना हाथ माना जाता था. नवंबर में भ्रष्टाचार की वजह से यरमक ने इस्तीफा दे दिया था. ऐसे में चलिए किरिलो बुडानोव के बारे में अहम बातें जानते हैं.
जानकारी के मुताबिक, किरिलो बुडानोव 2020 से मिलिट्री इंटेलिजेंस एजेंसी, जिसे इसके संक्षिप्त नाम GUR से जाना जाता है, का नेतृत्व कर रहे हैं. बताया जा रहा है कि वह 39 साल की उम्र में, यूक्रेन के सबसे जाने-माने और लोकप्रिय युद्धकालीन चेहरों में से एक हैं, जो कि रूसी सैन्य संपत्तियों को निशाना बनाने वाले कई सफल ऑपरेशनों के आर्किटेक्ट होने के साथ-साथ अपनी स्वतंत्र और रहस्यमयी पर्सनैलिटी के लिए जाने जाते हैं.
रक्षा क्षेत्र में अहम भूमिका निभाई
इसके साथ ही बुडानोव अपने नए पद पर युद्ध के मैदान का अनुभव लेकर आए हैं. बता दें कि 2014 में रूस की ओर से क्रीमिया पर अवैध कब्जे के बाद उन्होंने रक्षा क्षेत्र में अहम भूमिका निभाई है. साथ ही उन्होंने फरवरी 2022 के पूर्ण पैमाने पर आक्रमण से पहले पूर्वी यूक्रेन और क्रीमिया में मॉस्को समर्थित अलगाववादी ताकतों के साथ लड़ाई से जुड़े विशेष अभियानों और खुफिया मिशनों में भी हिस्सा लिया था.
युद्ध को देश के अस्तित्व के लिए जरूरी बताया- बुडानोव
जानकारी के मुताबिक, बुडानोव को कीव के खुफिया प्रयासों का प्रमुख चेहरा माना जाता है. इसके साथ ही यह नियमित रूप से इंटरव्यू और ब्रीफिंग में दिखाई देते हैं. बता दें कि मास्कों लेकर उन्होंने अक्सर चेतावनी दी है और युद्ध को देश के अस्तित्व के लिए जरूरी बताया है. इतना ही नही बल्कि रूसी कमांड संरचनाओं, लॉजिस्टिक्स हब, ऊर्जा बुनियादी ढांचे के साथ नौसैनिक संपत्तियों को निशाना बनाने वाले ऑपरेशनों का श्रेय बुडानोव को ही जाता है.
बुडानोव ने कहा
मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, बुडानोव और उनके परिवार पर भी हमले हुए हैं. रिपोर्ट्स का कहना है वह रूस की ओर से की कई हत्या की कोशिशों से बचे हैं. इसके साथ ही नवंबर 2023 में, उनकी पत्नी, मारियाना को जहर के कारण कीव के एक अस्पताल में भर्ती कराया गया था. जानकारी के मुताबिक, बुडानोव उस प्रतिनिधिमंडल का हिस्सा थे जिसने अमेरिकी बातचीत टीम के साथ काम किया है. बताया जा रहा है कि उन्होंने कैदियों की अदला-बदली जैसे मुद्दों पर रूसी पक्ष से भी संपर्क किया है. लेकिन अभी तक कुछ स्पष्ट नही हुआ है कि अपनी नई स्थिति में वह शांति प्रक्रिया में क्या भूमिका निभाएंगे. फिलहाल नियुक्ति की घोषणा के बाद अपनी पहली टिप्पणियों में, बुडानोव ने जेलेंस्की को उनके भरोसे के लिए धन्यवाद दिया है.
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